नाना-नानी की मृत्यु तिथि याद न हो तो श्राद्ध कब करें?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
नाना-नानी की मृत्यु तिथि याद न हो या किसी अन्य तिथि पर हुई हो — फिर भी श्राद्ध पितृ पक्ष की 'प्रतिपदा तिथि' को ही करें। यह प्रतिपदा का विशेष विशेषाधिकार है जो केवल मातृकुल को दिया गया है।
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मातामह श्राद्ध
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