कलियुग में धर्म पालन कैसे करें?
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भागवत पुराण (12.3.51-52): कलियुग में कृष्ण नाम कीर्तन से मुक्ति। रामचरितमानस: 'कलियुग केवल नाम अधारा।' नाम जप, सत्य, दया, नित्य पूजा, गीता पाठ और सत्संग — कलियुग में धर्म पालन के सरलतम उपाय।
- 1नाम संकीर्तन — ईश्वर के किसी भी नाम का जप (राम, कृष्ण, शिव, हरि) — कलियुग में सबसे सरल और प्रभावी।
- 2सत्य और ईमानदारी — सत्य बोलना, ईमानदारी से कर्म करना।
- 3दया और दान — जीवों पर दया, यथाशक्ति दान।
- 4नित्य पूजा — प्रतिदिन भगवान की पूजा, दीपक जलाना, मंत्र जप।
- 5गीता पाठ — भगवद्गीता का नियमित पाठ/श्रवण।
- 6सत्संग — अच्छे लोगों, संतों की संगति।
- 7तीर्थ यात्रा — पवित्र तीर्थों की यात्रा।
- 8अहिंसा — किसी भी प्राणी को कष्ट न देना।
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