विष्णु: माखन-मिश्री, पंचामृत, केला। शिव: बेलफल, दूध-अभिषेक (पक्का अन्न नहीं)। गणपति: मोदक, लड्डू। देवी: हलवा-पूड़ी-चना, मेवे। लक्ष्मी: खीर, कमलगट्टे। गीता (17.8): सात्विक, शुद्ध, घर का पका — बासी और तीखा वर्जित।
- 1कोई भी वस्तु श्रद्धा से अर्पित करने पर भगवान स्वीकार करते हैं।
- 2माखन-मिश्री (बालकृष्ण रूप में)
- 3पंचामृत (दूध, दही, घी, शहद, शक्कर)
- 4तुलसी-दल सहित भोग
- 5पीले रंग के मिष्ठान्न
- 6फल — केला विशेष रूप से
- 7बेलफल (बिल्व)
- 8दूध और जल का अभिषेक (नैवेद्य नहीं, अभिषेक)
- 9शिव को सामान्यतः पक्के अन्न का नैवेद्य नहीं चढ़ाया जाता — फल, बेलफल स्वीकार्य
- 10भांग (तांत्रिक परंपरा में — सामान्य पूजा में अनावश्यक)
- 11नवरात्रि में हलवा-पूड़ी-चना (उत्तर भारतीय परंपरा)
- 12मेवे, फल
- 13कुछ तांत्रिक परंपराओं में मांसाहारी नैवेद्य — परंतु यह सार्वभौम नहीं है
- 14मोदक (गणपति के सर्वाधिक प्रिय — पुराणोक्त)
- 15लड्डू
- 16केला
- 17खीर, मिठाई, कमलगट्टे
- 18सफेद मिष्ठान्न