पितर संतुष्ट हों इसके लिए रोजाना क्या करें
की चेकलिस्ट
दैनिक: तिल-जल तर्पण (दक्षिण), कौवे को पहली रोटी, गाय को चारा, पूजा में पितर प्रणाम, तुलसी पूजा, सदाचार। वार्षिक श्राद्ध + पितृपक्ष अवश्य। सरलतम: कौवे को रोटी + तिल-जल = 2 मिनट।
- 1तिल-जल तर्पण — प्रतिदिन स्नान बाद दक्षिण दिशा में तिल-जल अर्पित।
- 2कौवे को भोजन — प्रतिदिन पहली रोटी कौवे को।
- 3गाय को चारा — गो माता सेवा।
- 4पितरों का स्मरण — प्रतिदिन पूजा में पितरों को प्रणाम।
- 5ब्राह्मण/गरीब को भोजन — यथासंभव।
- 6तुलसी पूजा — तुलसी जल अर्पित; विष्णु/पितर दोनों प्रसन्न।
- 7सदाचार — धर्मपूर्ण जीवन = पितर सबसे अधिक प्रसन्न।
- 8श्राद्ध नियमित — वार्षिक श्राद्ध + पितृपक्ष अवश्य।
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श्रेणी
श्राद्ध एवं पितृ कर्म
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