शिवलिंग की स्थापना कैसे करें?
की चेकलिस्ट
ईशान कोण में, शुभ मुहूर्त में, पंचामृत स्नान कराकर, पंडित जी से प्राण प्रतिष्ठा करवाकर शिवलिंग स्थापित करें। जलहरी का मुख उत्तर में हो और शिवलिंग का आकार गृह पूजा के लिए अंगूठे जितना उचित है।
- 1स्थान चयन: ईशान कोण (उत्तर-पूर्व) में पूजा स्थान पर; शिवलिंग का मुख उत्तर दिशा में हो
- 2भूमि शुद्धि: गंगाजल से स्थान शुद्ध करें
- 3पंडित से प्राण प्रतिष्ठा: यदि संभव हो तो विद्वान पंडित जी से प्राण प्रतिष्ठा कराएं
- 4पंचामृत स्नान: शिवलिंग को पंचामृत से स्नान कराएं
- 5जलहरी स्थापित करें: जलहरी का मुख उत्तर दिशा में हो
- 6शिवलिंग स्थापन: जलहरी के केंद्र में शिवलिंग रखें
- 7प्रथम पूजन: बेलपत्र, धतूरा, चंदन, अक्षत से पूजन करें
- 8मंत्र: 'ॐ नमः शिवाय' 108 बार जप
- 9आरती: प्रथम आरती करें
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