अंतिम संस्कारचंदन की लकड़ी से दाह संस्कार का विशेष महत्व?चंदन = सर्वश्रेष्ठ (दिव्य सुगंध, शीतलता, पाप क्षय)। क्रम: चंदन>तुलसी>पलाश>आम>पीपल। पूर्ण चंदन चिता महँगी — कुछ टुकड़े भी शुभ। विद्युत शवदाह भी मान्य।#चंदन#दाह संस्कार#चिता
अंत्येष्टि संस्कारदाह संस्कार में चिता कैसे बनाएं विधि सहितचिता: श्मशान पर सूखी लकड़ी → आधार (समानांतर) → cross pattern → शव रखें (पैर दक्षिण) → ऊपर लकड़ी → घी/कपूर → मुखाग्नि। आधुनिक: विद्युत शवदाहगृह = शास्त्र मान्य। कुल पुरोहित से विधि कराएं।#दाह संस्कार#चिता#विधि
वैदिक संस्कारदाह संस्कार की विधि क्या है?दाह विधि: चिता निर्माण → शव स्थापन (उत्तर-शिर) → पिण्डदान → छिद्र-घट जल-परिक्रमा (3 बार) → घड़ा फोड़ें → मुखाग्नि (स्वयं प्रज्वलित) → कपाल क्रिया → अस्थि संचय (3रा दिन) → गंगा विसर्जन। पूर्ण दाह निषिद्ध। 13 दिन कर्ता का तप।#दाह संस्कार#चिता#मुखाग्नि