शिव रूपकाल भैरव की पूजा में मदिरा का अर्पण क्यों किया जाता है?काल भैरव = तामसिक देवता, वाम मार्गी तांत्रिक परंपरा। ब्रह्मा वध कथा (शिव पुराण) — उग्र स्वरूप को तामसिक भोग। उज्जैन मंदिर: मूर्ति मदिरा ग्रहण करती है — ~2000 बोतल/दिन, अनसुलझा रहस्य। प्रसाद नहीं लिया जाता। सामान्य शिव पूजा में मदिरा सर्वथा वर्जित।#काल भैरव#मदिरा#उज्जैन
लोकतलातल में जीव कौन-कौन से सुख भोगते हैं?तलातल में जीव मदिरा, सुंदरी स्त्रियाँ, उत्तम व्यंजन, ऐश्वर्य, रत्नमय महल और विलासितापूर्ण सुख भोगते हैं।#तलातल सुख#भोग#ऐश्वर्य
लोकतलातल में मदिरा और भोग-विलास का क्या वर्णन है?तलातल में दैत्य-दानव उत्तम व्यंजन, तीक्ष्ण मदिरा और इंद्रिय सुखों में मग्न रहते हैं।#तलातल#मदिरा#भोग विलास
लोकतलातल के दैत्य और दानव क्या खाते-पीते हैं?तलातल के दैत्य और दानव उत्तम व्यंजन खाते और तीक्ष्ण मदिरा पीते हैं।#तलातल दैत्य#दानव#उत्तम व्यंजन