ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
टैग

शिव गण से जुड़े सभी प्रश्न(5)

शिव गण पर शास्त्रीय व्याख्या, विधि, नियम, मंत्र और लाभ — सब एक ही स्थान पर। कुल 5 प्रश्न उपलब्ध हैं।

शिव अवतार

नंदी अवतार की कथा क्या है?

शिलाद मुनि की तपस्या से प्रसन्न होकर शिव जी ने स्वयं उनके यहाँ पुत्र रूप में जन्म लिया। भूमि से उत्पन्न इस बालक का नाम नंदी रखा गया। शिव ने नंदी को गणों का अधिपति बनाया और वे शिव के प्रिय वाहन एवं द्वारपाल बने।

#नंदी अवतार#शिलाद मुनि#नंदीश्वर
लोक

कीर्तिमुख कौन है?

कीर्तिमुख शिव के क्रोध से प्रकट आज्ञाकारी शिवगण है।

#कीर्तिमुख#शिव गण#राहु
पुराण माहात्म्य

क्या द्वितीया श्राद्ध से शिव गणों का साथ मिलता है?

हाँ, द्वितीया श्राद्ध से शिव गणों का साथ मिलता है। स्कन्द पुराण के नागर खण्ड के अनुसार श्राद्धकर्ता मृत्यु के बाद कैलास धाम प्राप्त करता है और शिवेन सह मोदते यानी शिव के गणों के साथ परम मोद यानी आनन्द पाता है। शिव के दिव्य गणों का साहचर्य परम भक्त के लिए सर्वोच्च पारलौकिक प्राप्ति है। यह द्वितीया श्राद्ध की विशिष्ट महिमा है।

#शिव गण#कैलास आनन्द#द्वितीया फल
बटुक भैरव परिचय और स्वरूप

बटुक भैरव को किसका अनुचर माना जाता है?

बटुक भैरव को भगवान शिव के गण और माता पार्वती जी के अनुचर के रूप में पूजा जाता है।

#बटुक भैरव#पार्वती अनुचर#शिव गण
योग और साधना

पिंगलेश्वर शिवलिंग को 'सिद्ध क्षेत्र' क्यों माना जाता है?

यह एक सिद्ध क्षेत्र है क्योंकि यहाँ साक्षात् शिव गण 'पिंगल' ने कठोर तपस्या की थी। यहाँ पूर्व काल के सिद्धों की ऊर्जा संचित है जो साधक के संकल्प को तत्काल सिद्ध करती है।

#सिद्ध क्षेत्र#ऊर्जा केंद्र#शिव गण
सम्पूर्ण प्रश्नोत्तरी
सभी प्रश्न देखें

10,000+ शास्त्रीय प्रश्नोत्तर — श्रेणी, हब और टैग में सजे।

टैग खोज
अन्य टैग देखें

पूजा, मंत्र, साधना, उपाय, ज्योतिष — विषय अनुसार छाँटे गए सभी टैग।