ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
20°16'14"N · 81°45'37"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
रविवार — पञ्चाङ्ग गणना

4.10अक्टूबर 2026

रविवार · 4 अक्टूबर 2026
सूर्य वार·कृष्ण पक्ष·आश्विन मास·संवत् 2083 सिद्धार्थी
Āchhikona
छत्तीसगढ़
20°16'14"N  81°45'37"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
नवमीकृष्ण पक्ष
03:54 तक
ii.
नक्षत्र
पुनर्वसु1 पाद
00:15 तक
iii.
योग
परिघअशुभ
12:33 तक
iv.
करण
तैतिल
16:52 तक
v.
वार
रविवारसूर्य स्वामी
सूर्योदय 05:55

सूर्य आर्क

दिनमान · 11 घण्टे 54 मिनट
05:55सूर्योदय17:49सूर्यास्त11:52
अरुणोदय
04:19
मध्याह्न
11:52
दिनमान
11:54
प्रातः सन्धि
04:42

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 12 घण्टे 06 मिनट
00:39, 5 अक्टूचन्द्रोदय13:19चन्द्रास्तकला ~45%
रात्रिमान
12:06
निशीथ
23:28
गोधूलि
17:47
कला
45%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
11:28 — 12:15
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
04:18 — 05:06
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
13:51 — 14:38
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:47 — 18:13
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
23:28 — 00:16
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
04:42 — 05:55
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
17:49 — 19:01
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
21:58 — 23:29
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
10:22 — 11:52
विशेष योग · आज सक्रिय
+
आनन्दादि — केतुअशुभ
00:15 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
16:19 — 17:49
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
11:52 — 13:21
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
14:50 — 16:19
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
12:53 — 14:24
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलअनुपस्थित
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिउद्वेगचरलाभअमृतकालशुभरोगउद्वेगशुभअमृतचररोगकाललाभउद्वेगशुभ
वर्तमान
VIII.
उद्वेग
16:19 — 17:49
दिन05:5517:49
1उद्वेगसूर्य05:5507:24
2चरशुक्र07:2408:53
3लाभबुध08:5310:22
4अमृतचंद्र10:2211:52
5कालशनि11:5213:21
6शुभबृहस्पति13:2114:50
7रोगमंगल14:5016:19
8उद्वेगसूर्य16:1917:49
रात्रि17:49 → अगला सूर्योदय
1शुभबृहस्पति17:4919:19
2अमृतचंद्र19:1920:50
3चरशुक्र20:5022:21
4रोगमंगल22:2123:52
5कालशनि23:5201:23
6लाभबुध01:2302:53
7उद्वेगसूर्य02:5304:24
8शुभबृहस्पति04:2405:55
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
चन्द्र
15:50 — 16:49
iसूर्य05:55
iiशुक्र06:54
iiiबुध07:54
ivचन्द्र08:53
vशनि09:53
viगुरु10:52
viiमङ्गल11:52
viiiसूर्य12:51
ixशुक्र13:51
xबुध14:50
xiचन्द्र15:50
xiiशनि16:49
xiiiगुरु17:49
xivमङ्गल18:49
xvसूर्य19:50
xviशुक्र20:50
xviiबुध21:51
xviiiचन्द्र22:51
xixशनि23:52
xxगुरु00:52
xxiमङ्गल01:53
xxiiसूर्य02:53
xxiiiशुक्र03:54
xxivबुध04:54
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
XI.
कुम्भ
iकन्या05:5406:56
iiतुला06:5609:08
iiiवृश्चिक09:0811:23
ivधनु11:2313:28
vमकर13:2815:17
viकुम्भ15:1716:52
viiमीन16:5218:26
viiiमेष18:2620:08
ixवृष20:0822:08
xमिथुन22:0800:20
xiकर्क00:2002:35
xiiसिंह02:3504:44
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
05:5406:56
अग्नि पञ्चकअग्नि कार्य त्यागें
कन्या · i
06:5609:08
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
तुला · ii
09:0811:23
चोर पञ्चकलेन-देन त्यागें
वृश्चिक · iii
11:2313:28
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
धनु · iv
13:2815:17
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
मकर · v
15:1716:52
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कुम्भ · vi
16:5218:26
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मीन · vii
18:2620:08
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मेष · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
केतु
परिवर्तन00:15
अगला योग
श्रीवत्स
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमजल
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
पश्चिम
दिशा-शूल
पश्चिम
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
उत्तर
नक्षत्रानुसार
राहु वास
अग्नि
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पाताल
शुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
सभा
अशुभ
चन्द्र वास
पश्चिम
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
हानि
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
⊝ अष्टम चन्द्र · वृश्चिक राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यआश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातिअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
कन्या
समस्त दिवस
नक्षत्र
हस्त
2 पाद
देशान्तर
166°34'08"
166.57° सायन
गति
0.9849°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
मिथुन
चन्द्र राशि
नक्षत्र
पुनर्वसु
1 पाद
गति
14.0503°
प्रति दिवस
देशान्तर
82°35'29"
82.59° सायन
कला — क्षयक्रम
45%
कृष्ण पक्ष · कृष्ण नवमी
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
कृष्ण
क्षयक्रम
मास — पूर्णिमान्त
आश्विन
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
भाद्रपद
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
17
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
शरद
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
शरद
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
दक्षिणायन
सायन
वैदिक अयन
दक्षिणायन
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2083
सिद्धार्थी
शक संवत्
1948
पराभव
गुजराती संवत्
2082
पिंगल
कलियुग वर्ष
5,127
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,72,852
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°14'15"
24.237589°
जूलियन दिवस
24,61,317
JD
संशोधित JD
61,317
MJD
जूलियन (पुरातन)
21 सितंबर
2026
राष्ट्रीय सिविल
आश्विन 12
शक 1948
राष्ट्रीय निरयन
भाद्रपद 17
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,39,893
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
गुरु
राजा
गुरु
मन्त्री
शुक्र
सेनाधिपति
मङ्गल
मेघाधिपति
चन्द्र
सस्याधिपति
गुरु
धान्याधिपति
बुध
फलाधिपति
शनि
रसाधिपति
शुक्र
धनाधिपति
सूर्य
निरसाधिपति
मङ्गल
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
कृष्ण नवमी
03:54
अगला
कृष्ण दशमी
02:08
+ २
कृष्ण एकादशी

नक्षत्र

अब
पुनर्वसु
00:15
अगला
पुष्य
23:10
+ २
आश्लेषा

योग

अब
परिघ
12:33
अगला
शिव
09:52
+ २
सिद्ध

करण

अब
तैतिल
16:52
अगला
गर
03:54
+ २
वणिज
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°14'15"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्