ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
आलप्पुझा, केरल

आलप्पुझा — पंचांग

30 जनवरी 2025, गुरुवार

सूर्योदय
06:47
सूर्यास्त
18:29
चंद्रोदय
07:25
चंद्रास्त
19:25
← पिछला दिनआज का पंचांगअगला दिन →

जनवरी 2025 — मासिक पंचांग

पंचांग — पाँच अंग

तिथि
शुक्ल प्रतिपदा
16:11 तक
अगली: शुक्ल द्वितीया
प्रगति57%
नक्षत्र
श्रवण (4 पाद)
07:15 तक
अगली: धनिष्ठा
स्वामी: चंद्र
योग
व्यतीपात
18:32 तक
अगला: वरीयान
अशुभ
करण
बव
00:00 तक
अगला: बालव
शुभ
वार
गुरुवार

पंचांग सार

तिथि
शुक्ल प्रतिपदा· 16:11 तक
शुक्ल द्वितीया
नक्षत्र
श्रवण · पद 4· 07:15 तक
धनिष्ठा
योग
व्यतीपात· 18:32 तक
वरीयान
करण
बव· 00:00 तक
बालव
वार
गुरुवार
पक्ष
शुक्ल पक्ष

ग्रह स्थिति

सूर्य
राशिमकर
नक्षत्रश्रवण
पद2
देशांतर286°11'23"
चन्द्रमा
राशिमकर
नक्षत्रश्रवण
पद4
देशांतर293°03'02"

राशि

चंद्र राशि
मकर
सूर्य राशि
मकर

आलप्पुझा — शुभ-अशुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
05:11 — 05:59
प्रातः सन्ध्या
05:59 — 07:35
सूर्योदय
06:47
अभिजित मुहूर्त
12:14 — 13:02
अमृत कालविशेष
14:06 — 15:34
विजय मुहूर्त
16:09 — 16:56
गोधूलि मुहूर्त
18:05 — 18:53
सूर्यास्त
18:29
सायाह्न सन्ध्या
18:32 — 19:41
निशिता मुहूर्त
00:14 — 01:02
राहु काल
14:06 — 15:34
यमगंड काल
17:02 — 18:29
गुलिक काल
09:42 — 11:10
प्रथम दुर्मुहूर्त
11:54 — 12:38
द्वितीय दुर्मुहूर्त
17:02 — 17:45
चंद्रोदय
07:25
चंद्रास्त
19:25
मध्याह्न
12:38

हिन्दू पंचांग — संवत् एवं मास

चन्द्र माह (पूर्णिमान्त)
माघ
चन्द्र माह (अमान्त)
माघ
पक्ष
शुक्ल पक्ष
विक्रम संवत्
2082
शक संवत्
1946
गुजराती संवत्
2080

नक्षत्र विस्तार

नक्षत्र पद
पद 4
श्रवण
नक्षत्र स्वामी
चंद्र
नक्षत्र देवता
विष्णु
सूर्य नक्षत्र
श्रवण
पद 2स्वामी: चंद्र

ऋतु एवं अयन

वैदिक ऋतु
शिशिर
द्रिक ऋतु
शिशिर
अयन
उत्तरायण

दिनमान एवं रात्रिमान

दिनमान
11 घण्टे 42 मिनट 54 सेकण्ड
29 घटी 17 पल
रात्रिमान
12 घण्टे 17 मिनट 06 सेकण्ड
30 घटी 43 पल
मध्याह्न (सौर)
12:38
सूर्य का उच्चतम बिन्दु

दिन का चौघड़िया — 30 जनवरी 2025, गुरुवार

अमृतशुभलाभचरकालउद्वेगरोग
06:4708:14
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
08:1409:42
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
09:4211:10
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
11:1012:38
चर
यात्रा, वाहन चालन
12:3814:06
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
14:0615:34
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
15:3417:02
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
17:0218:29
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य

रात का चौघड़िया

18:2920:02
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
20:0221:34
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
21:3423:06
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
23:0600:38
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
00:3802:10
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
02:1003:42
चर
यात्रा, वाहन चालन
03:4205:14
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
05:1406:47
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह

आलप्पुझा पंचांग — जनवरी 2025

12345678910111213141516171819202122232425262728293031

अन्य शहरों का पंचांग — 30 जनवरी 2025, गुरुवार

दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराज

आलप्पुझा पंचांग — 30 जनवरी 2025, गुरुवार

आलप्पुझा (केरल) के लिए 30 जनवरी 2025, गुरुवार का सम्पूर्ण हिन्दू पंचांग यहाँ प्रस्तुत है। पंचांग के पाँच अंग — तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार — के साथ-साथ सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय, राहु काल, यमगंड काल, गुलिक काल, ब्रह्म मुहूर्त, अभिजित मुहूर्त और चौघड़िया की सटीक जानकारी दी गई है।

यह पंचांग आलप्पुझा के अक्षांश-देशांतर के अनुसार खगोलीय गणना पर आधारित है, जिससे सूर्योदय और अन्य समय स्थानीय रूप से सटीक हैं। किसी भी शुभ कार्य, पूजा, व्रत या मुहूर्त के लिए अपने शहर का पंचांग अवश्य देखें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आलप्पुझा में 30 जनवरी 2025, गुरुवार को सूर्योदय कब है?

आलप्पुझा में 30 जनवरी 2025, गुरुवार को सूर्योदय 06:47 बजे और सूर्यास्त 18:29 बजे है। ये समय खगोलीय गणना के आधार पर सटीक हैं।

आलप्पुझा में 30 जनवरी 2025, गुरुवार को राहु काल कब है?

आलप्पुझा में 30 जनवरी 2025, गुरुवार को राहु काल 14:06 से 15:34 तक है। इस समय नए कार्य प्रारंभ न करें।

आलप्पुझा में 30 जनवरी 2025, गुरुवार को तिथि क्या है?

आलप्पुझा में 30 जनवरी 2025, गुरुवार को शुक्ल प्रतिपदा तिथि है।

पंचांग के पाँच अंग कौन से हैं?

पंचांग के पाँच अंग हैं — तिथि (चंद्र दिन), नक्षत्र (चंद्र मंडल), योग (सूर्य-चंद्र संयोग), करण (अर्ध-तिथि) और वार (सप्ताह का दिन)। ये पाँचों मिलकर किसी भी दिन की शुभता निर्धारित करते हैं।

अभिजित मुहूर्त किसे कहते हैं?

अभिजित मुहूर्त दिन का सबसे शुभ समय है, जो सौर मध्याह्न (solar noon) के आसपास 48 मिनट का होता है। बृहत्संहिता के अनुसार यह दिन का आठवाँ मुहूर्त है।