ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
भद्रक, ओडिशा

भद्रक — पंचांग

31 दिसंबर 2026, गुरुवार

सूर्योदय
06:21
सूर्यास्त
17:13
चंद्रास्त
11:39
← पिछला दिनआज का पंचांगअगला दिन →

दिसंबर 2026 — मासिक पंचांग

पंचांग — पाँच अंग

तिथि
कृष्ण अष्टमी
12:33 तक
अगली: कृष्ण नवमी
प्रगति74%
नक्षत्र
हस्त (3 पाद)
16:13 तक
अगली: चित्रा
स्वामी: चंद्र
योग
शोभन
12:25 तक
अगला: अतिगंड
शुभ
करण
कौलव
00:00 तक
अगला: तैतिल
शुभ
वार
गुरुवार

पंचांग सार

तिथि
कृष्ण अष्टमी· 12:33 तक
कृष्ण नवमी
नक्षत्र
हस्त · पद 3· 16:13 तक
चित्रा
योग
शोभन· 12:25 तक
अतिगंड
करण
कौलव· 00:00 तक
तैतिल
वार
गुरुवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष

ग्रह स्थिति

सूर्य
राशिधनु
नक्षत्रपूर्वाषाढ़ा
पद1
देशांतर255°06'23"
चन्द्रमा
राशिकन्या
नक्षत्रहस्त
पद3
देशांतर168°01'30"

राशि

चंद्र राशि
कन्या
सूर्य राशि
धनु

भद्रक — शुभ-अशुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:45 — 05:33
प्रातः सन्ध्या
05:33 — 07:09
सूर्योदय
06:21
अभिजित मुहूर्त
11:23 — 12:11
अमृत कालविशेष
13:08 — 14:30
विजय मुहूर्त
15:03 — 15:46
गोधूलि मुहूर्त
16:49 — 17:37
सूर्यास्त
17:13
सायाह्न सन्ध्या
17:16 — 18:25
निशिता मुहूर्त
23:23 — 00:11
राहु काल
13:08 — 14:30
यमगंड काल
15:52 — 17:13
गुलिक काल
09:04 — 10:25
प्रथम दुर्मुहूर्त
11:06 — 11:47
द्वितीय दुर्मुहूर्त
15:52 — 16:32
चंद्रास्त
11:39
मध्याह्न
11:47

हिन्दू पंचांग — संवत् एवं मास

चन्द्र माह (पूर्णिमान्त)
माघ
चन्द्र माह (अमान्त)
पौष
पक्ष
कृष्ण पक्ष
विक्रम संवत्
2083
शक संवत्
1948
गुजराती संवत्
2082

नक्षत्र विस्तार

नक्षत्र पद
पद 3
हस्त
नक्षत्र स्वामी
चंद्र
नक्षत्र देवता
सूर्य
सूर्य नक्षत्र
पूर्वाषाढ़ा
पद 1स्वामी: शुक्र

ऋतु एवं अयन

वैदिक ऋतु
शिशिर
द्रिक ऋतु
हेमन्त
अयन
दक्षिणायन

दिनमान एवं रात्रिमान

दिनमान
10 घण्टे 52 मिनट 31 सेकण्ड
27 घटी 11 पल
रात्रिमान
13 घण्टे 07 मिनट 29 सेकण्ड
32 घटी 49 पल
मध्याह्न (सौर)
11:47
सूर्य का उच्चतम बिन्दु

दिन का चौघड़िया — 31 दिसंबर 2026, गुरुवार

अमृतशुभलाभचरकालउद्वेगरोग
06:2107:42
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
07:4209:04
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
09:0410:25
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
10:2511:47
चर
यात्रा, वाहन चालन
11:4713:08
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
13:0814:30
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
14:3015:52
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
15:5217:13
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य

रात का चौघड़िया

17:1318:52
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
18:5220:30
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
20:3022:08
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
22:0823:47
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
23:4701:25
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
01:2503:04
चर
यात्रा, वाहन चालन
03:0404:42
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
04:4206:21
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह

भद्रक पंचांग — दिसंबर 2026

12345678910111213141516171819202122232425262728293031

अन्य शहरों का पंचांग — 31 दिसंबर 2026, गुरुवार

दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराज

भद्रक पंचांग — 31 दिसंबर 2026, गुरुवार

भद्रक (ओडिशा) के लिए 31 दिसंबर 2026, गुरुवार का सम्पूर्ण हिन्दू पंचांग यहाँ प्रस्तुत है। पंचांग के पाँच अंग — तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार — के साथ-साथ सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय, राहु काल, यमगंड काल, गुलिक काल, ब्रह्म मुहूर्त, अभिजित मुहूर्त और चौघड़िया की सटीक जानकारी दी गई है।

यह पंचांग भद्रक के अक्षांश-देशांतर के अनुसार खगोलीय गणना पर आधारित है, जिससे सूर्योदय और अन्य समय स्थानीय रूप से सटीक हैं। किसी भी शुभ कार्य, पूजा, व्रत या मुहूर्त के लिए अपने शहर का पंचांग अवश्य देखें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

भद्रक में 31 दिसंबर 2026, गुरुवार को सूर्योदय कब है?

भद्रक में 31 दिसंबर 2026, गुरुवार को सूर्योदय 06:21 बजे और सूर्यास्त 17:13 बजे है। ये समय खगोलीय गणना के आधार पर सटीक हैं।

भद्रक में 31 दिसंबर 2026, गुरुवार को राहु काल कब है?

भद्रक में 31 दिसंबर 2026, गुरुवार को राहु काल 13:08 से 14:30 तक है। इस समय नए कार्य प्रारंभ न करें।

भद्रक में 31 दिसंबर 2026, गुरुवार को तिथि क्या है?

भद्रक में 31 दिसंबर 2026, गुरुवार को कृष्ण अष्टमी तिथि है।

पंचांग के पाँच अंग कौन से हैं?

पंचांग के पाँच अंग हैं — तिथि (चंद्र दिन), नक्षत्र (चंद्र मंडल), योग (सूर्य-चंद्र संयोग), करण (अर्ध-तिथि) और वार (सप्ताह का दिन)। ये पाँचों मिलकर किसी भी दिन की शुभता निर्धारित करते हैं।

अभिजित मुहूर्त किसे कहते हैं?

अभिजित मुहूर्त दिन का सबसे शुभ समय है, जो सौर मध्याह्न (solar noon) के आसपास 48 मिनट का होता है। बृहत्संहिता के अनुसार यह दिन का आठवाँ मुहूर्त है।