ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
26°30'51"N · 92°10'01"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
शुक्रवार — पञ्चाङ्ग गणना

5.6जून 2026

शुक्रवार · 5 जून 2026
शुक्र वार·कृष्ण पक्ष·आषाढ़ मास·संवत् 2083 सिद्धार्थी
दरंग
असम
26°30'51"N  92°10'01"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
पंचमीकृष्ण पक्ष
01:21 तक
ii.
नक्षत्र
श्रवण1 पाद
06:04 तक
iii.
योग
ब्रह्मशुभ
09:43 तक
iv.
करण
कौलव
12:28 तक
v.
वार
शुक्रवारशुक्र स्वामी
सूर्योदय 04:28

सूर्य आर्क

दिनमान · 13 घण्टे 44 मिनट
04:28सूर्योदय18:12सूर्यास्त11:20
अरुणोदय
02:52
मध्याह्न
11:20
दिनमान
13:44
प्रातः सन्धि
03:26

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 10 घण्टे 16 मिनट
22:13चन्द्रोदय08:17चन्द्रास्तकला ~82%
रात्रिमान
10:16
निशीथ
22:59
गोधूलि
18:10
कला
82%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
10:52 — 11:47
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
03:06 — 03:47
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
13:37 — 14:32
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
18:10 — 18:32
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
22:59 — 23:40
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
03:26 — 04:28
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
18:12 — 19:13
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
18:39 — 20:24
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
07:54 — 09:37
विशेष योग · आज सक्रिय
+
आनन्दादि — कालदण्डअशुभ
06:04 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
09:37 — 11:20
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
14:46 — 16:29
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
06:11 — 07:54
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
08:06 — 09:51
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलअनुपस्थित
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिचरलाभअमृतकालशुभरोगउद्वेगचररोगकाललाभउद्वेगशुभअमृतचररोग
वर्तमान
XII.
उद्वेग
22:03 — 23:20
दिन04:2818:12
1चरशुक्र04:2806:11
2लाभबुध06:1107:54
3अमृतचंद्र07:5409:37
4कालशनि09:3711:20
5शुभबृहस्पति11:2013:03
6रोगमंगल13:0314:46
7उद्वेगसूर्य14:4616:29
8चरशुक्र16:2918:12
रात्रि18:12 → अगला सूर्योदय
1रोगमंगल18:1219:29
2कालशनि19:2920:46
3लाभबुध20:4622:03
4उद्वेगसूर्य22:0323:20
5शुभबृहस्पति23:2000:37
6अमृतचंद्र00:3701:54
7चरशुक्र01:5403:11
8रोगमंगल03:1104:28
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
शनि
22:28 — 23:20
iशुक्र04:28
iiबुध05:37
iiiचन्द्र06:45
ivशनि07:54
vगुरु09:03
viमङ्गल10:11
viiसूर्य11:20
viiiशुक्र12:29
ixबुध13:37
xचन्द्र14:46
xiशनि15:55
xiiगुरु17:03
xiiiमङ्गल18:12
xivसूर्य19:03
xvशुक्र19:54
xviबुध20:46
xviiचन्द्र21:37
xviiiशनि22:28
xixगुरु23:20
xxमङ्गल00:11
xxiसूर्य01:02
xxiiशुक्र01:54
xxiiiबुध02:45
xxivचन्द्र03:36
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
XI.
कुम्भ
iवृष04:2705:12
iiमिथुन05:1207:27
iiiकर्क07:2709:45
ivसिंह09:4512:00
vकन्या12:0014:14
viतुला14:1416:32
viiवृश्चिक16:3218:50
viiiधनु18:5020:54
ixमकर20:5422:38
xकुम्भ22:3800:08
xiमीन00:0801:35
xiiमेष01:3503:12
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
04:2705:12
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृष · i
05:1207:27
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
मिथुन · ii
07:2709:45
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कर्क · iii
09:4512:00
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
सिंह · iv
12:0014:14
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कन्या · v
14:1416:32
रोग पञ्चकस्वास्थ्य · चिकित्सा त्यागें
तुला · vi
16:3218:50
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृश्चिक · vii
18:5020:54
राज पञ्चकयात्रा · वाद-विवाद त्यागें
धनु · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
कालदण्ड
परिवर्तन06:04
अगला योग
धूम्र
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमपृथ्वी
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
पश्चिम
दिशा-शूल
पश्चिम
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पश्चिम
नक्षत्रानुसार
राहु वास
अग्नि
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पृथ्वी
शुभ
भद्रा वास
पाताल
शुभ
शिव वास
वृषभ
शुभ
चन्द्र वास
दक्षिण
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
हानि
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
मेषकर्कसिंहवृश्चिकमकरमीन
⊝ अष्टम चन्द्र · मिथुन राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीकृत्तिकामृगशिराआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्रास्वातिअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठाशतभिषा
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
वृषभ
समस्त दिवस
नक्षत्र
रोहिणी
4 पाद
देशान्तर
50°05'43"
50.1° सायन
गति
0.9572°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
मकर
चन्द्र राशि
नक्षत्र
श्रवण
1 पाद
गति
12.135°
प्रति दिवस
देशान्तर
280°22'54"
280.38° सायन
कला — क्षयक्रम
82%
कृष्ण पक्ष · कृष्ण पंचमी
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
कृष्ण
क्षयक्रम
मास — पूर्णिमान्त
आषाढ़
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
ज्येष्ठ
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
21
सौर दिवस
अधिक मास
हाँ
मलमास
दृक ऋतु
ग्रीष्म
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
उत्तरायण
सायन
वैदिक अयन
उत्तरायण
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2083
सिद्धार्थी
शक संवत्
1948
पराभव
गुजराती संवत्
2082
पिंगल
कलियुग वर्ष
5,127
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,72,731
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°13'59"
24.232959°
जूलियन दिवस
24,61,196
JD
संशोधित JD
61,196
MJD
जूलियन (पुरातन)
23 मई
2026
राष्ट्रीय सिविल
ज्येष्ठ 15
शक 1948
राष्ट्रीय निरयन
वैशाख 21
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,39,772
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
शुक्र
राजा
शुक्र
मन्त्री
शुक्र
सेनाधिपति
मङ्गल
मेघाधिपति
चन्द्र
सस्याधिपति
गुरु
धान्याधिपति
बुध
फलाधिपति
शनि
रसाधिपति
शुक्र
धनाधिपति
सूर्य
निरसाधिपति
मङ्गल
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
कृष्ण पंचमी
01:21
अगला
कृष्ण षष्ठी
02:42
+ २
कृष्ण सप्तमी

नक्षत्र

अब
श्रवण
06:04
अगला
धनिष्ठा
07:57
+ २
शतभिषा

योग

अब
ब्रह्म
09:43
अगला
ऐन्द्र
10:06
+ २
वैधृति

करण

अब
कौलव
12:28
अगला
तैतिल
01:21
+ २
गर
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°13'59"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्