ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
Jāmuria, पश्चिम बंगाल

Jāmuria — पंचांग

17 जुलाई 2025, गुरुवार

सूर्योदय
05:05
सूर्यास्त
18:31
चंद्रोदय
22:55
चंद्रास्त
11:03
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जुलाई 2025 — मासिक पंचांग

पंचक चल रहा है
पंचक काल में शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं

पंचांग — पाँच अंग

तिथि
कृष्ण सप्तमी
19:10 तक
अगली: कृष्ण अष्टमी
प्रगति32%
नक्षत्र
उत्तरभाद्रपद (4 पाद)
04:50 तक
अगली: रेवती
स्वामी: शनि
योग
अतिगंड
09:28 तक
अगला: सुकर्मा
अशुभ
करण
विष्टि
08:08 तक
अगला: बव
अशुभ
वार
गुरुवार

पंचांग सार

तिथि
कृष्ण सप्तमी· 19:10 तक
कृष्ण अष्टमी
नक्षत्र
उत्तरभाद्रपद · पद 4· 04:50 तक
रेवती
योग
अतिगंड· 09:28 तक
सुकर्मा
करण
विष्टि· 08:08 तक
बव
वार
गुरुवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष

ग्रह स्थिति

सूर्य
राशिकर्क
नक्षत्रपुनर्वसु
पद4
देशांतर90°25'27"
चन्द्रमा
राशिमीन
नक्षत्रउत्तरभाद्रपद
पद4
देशांतर346°13'52"

राशि

चंद्र राशि
मीन
सूर्य राशि
कर्क

Jāmuria — शुभ-अशुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
03:29 — 04:17
प्रातः सन्ध्या
04:17 — 05:53
सूर्योदय
05:05
अभिजित मुहूर्त
11:24 — 12:12
अमृत कालविशेष
13:29 — 15:09
विजय मुहूर्त
15:50 — 16:43
गोधूलि मुहूर्त
18:07 — 18:55
सूर्यास्त
18:31
सायाह्न सन्ध्या
18:34 — 19:43
निशिता मुहूर्त
23:24 — 00:12
राहु काल
13:29 — 15:09
यमगंड काल
16:50 — 18:31
गुलिक काल
08:26 — 10:07
प्रथम दुर्मुहूर्त
10:57 — 11:48
द्वितीय दुर्मुहूर्त
16:50 — 17:40
चंद्रोदय
22:55
चंद्रास्त
11:03
मध्याह्न
11:48

हिन्दू पंचांग — संवत् एवं मास

चन्द्र माह (पूर्णिमान्त)
भाद्रपद
चन्द्र माह (अमान्त)
श्रावण
पक्ष
कृष्ण पक्ष
विक्रम संवत्
2082
शक संवत्
1947
गुजराती संवत्
2080

नक्षत्र विस्तार

नक्षत्र पद
पद 4
उत्तरभाद्रपद
नक्षत्र स्वामी
शनि
नक्षत्र देवता
अहिर्बुध्न्य
सूर्य नक्षत्र
पुनर्वसु
पद 4स्वामी: बृहस्पति

ऋतु एवं अयन

वैदिक ऋतु
वर्षा
द्रिक ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

दिनमान एवं रात्रिमान

दिनमान
13 घण्टे 26 मिनट 06 सेकण्ड
33 घटी 35 पल
रात्रिमान
10 घण्टे 33 मिनट 54 सेकण्ड
26 घटी 25 पल
मध्याह्न (सौर)
11:48
सूर्य का उच्चतम बिन्दु

दिन का चौघड़िया — 17 जुलाई 2025, गुरुवार

अमृतशुभलाभचरकालउद्वेगरोग
05:0506:45
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
06:4508:26
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
08:2610:07
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
10:0711:48
चर
यात्रा, वाहन चालन
11:4813:29
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
13:2915:09
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
15:0916:50
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
16:5018:31
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य

रात का चौघड़िया

18:3119:50
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
19:5021:09
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
21:0922:29
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
22:2923:48
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
23:4801:07
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
01:0702:26
चर
यात्रा, वाहन चालन
02:2603:45
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
03:4505:05
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह

Jāmuria पंचांग — जुलाई 2025

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अन्य शहरों का पंचांग — 17 जुलाई 2025, गुरुवार

दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराज

Jāmuria पंचांग — 17 जुलाई 2025, गुरुवार

Jāmuria (पश्चिम बंगाल) के लिए 17 जुलाई 2025, गुरुवार का सम्पूर्ण हिन्दू पंचांग यहाँ प्रस्तुत है। पंचांग के पाँच अंग — तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार — के साथ-साथ सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय, राहु काल, यमगंड काल, गुलिक काल, ब्रह्म मुहूर्त, अभिजित मुहूर्त और चौघड़िया की सटीक जानकारी दी गई है।

यह पंचांग Jāmuria के अक्षांश-देशांतर के अनुसार खगोलीय गणना पर आधारित है, जिससे सूर्योदय और अन्य समय स्थानीय रूप से सटीक हैं। किसी भी शुभ कार्य, पूजा, व्रत या मुहूर्त के लिए अपने शहर का पंचांग अवश्य देखें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

Jāmuria में 17 जुलाई 2025, गुरुवार को सूर्योदय कब है?

Jāmuria में 17 जुलाई 2025, गुरुवार को सूर्योदय 05:05 बजे और सूर्यास्त 18:31 बजे है। ये समय खगोलीय गणना के आधार पर सटीक हैं।

Jāmuria में 17 जुलाई 2025, गुरुवार को राहु काल कब है?

Jāmuria में 17 जुलाई 2025, गुरुवार को राहु काल 13:29 से 15:09 तक है। इस समय नए कार्य प्रारंभ न करें।

Jāmuria में 17 जुलाई 2025, गुरुवार को तिथि क्या है?

Jāmuria में 17 जुलाई 2025, गुरुवार को कृष्ण सप्तमी तिथि है।

पंचांग के पाँच अंग कौन से हैं?

पंचांग के पाँच अंग हैं — तिथि (चंद्र दिन), नक्षत्र (चंद्र मंडल), योग (सूर्य-चंद्र संयोग), करण (अर्ध-तिथि) और वार (सप्ताह का दिन)। ये पाँचों मिलकर किसी भी दिन की शुभता निर्धारित करते हैं।

अभिजित मुहूर्त किसे कहते हैं?

अभिजित मुहूर्त दिन का सबसे शुभ समय है, जो सौर मध्याह्न (solar noon) के आसपास 48 मिनट का होता है। बृहत्संहिता के अनुसार यह दिन का आठवाँ मुहूर्त है।