ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
28°00'00"N · 95°45'00"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
गुरुवार — पञ्चाङ्ग गणना

17.4अप्रैल 2025

गुरुवार · 17 अप्रैल 2025
गुरु वार·कृष्ण पक्ष·वैशाख मास·संवत् 2082 काललुक्त
निचली दिबांग घाटी
अरुणाचल प्रदेश
28°00'00"N  95°45'00"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
चतुर्थीकृष्ण पक्ष
15:24 तक
ii.
नक्षत्र
अनुराधा4 पाद
05:56 तक
iii.
योग
वरीयानशुभ
00:52 तक
iv.
करण
बालव
15:24 तक
v.
वार
गुरुवारगुरु स्वामी
सूर्योदय 04:40

सूर्य आर्क

दिनमान · 12 घण्टे 53 मिनट
04:40सूर्योदय17:33सूर्यास्त11:07
अरुणोदय
03:04
मध्याह्न
11:07
दिनमान
12:53
प्रातः सन्धि
03:34

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 11 घण्टे 06 मिनट
21:43चन्द्रोदय06:53चन्द्रास्तकला ~86%
रात्रिमान
11:06
निशीथ
22:44
गोधूलि
17:31
कला
86%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
10:41 — 11:33
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
03:10 — 03:55
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
13:16 — 14:07
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:31 — 17:55
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
22:44 — 23:28
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
03:34 — 04:40
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
17:33 — 18:40
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
22:40 — 00:26
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
12:43 — 14:20
विशेष योग · आज सक्रिय
+
सर्वार्थ सिद्धिसिद्धिदायक
समस्त दिवस
+
आनन्दादि — आनन्दशुभ
05:56 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
12:43 — 14:20
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
04:40 — 06:17
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
07:53 — 09:30
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
12:06 — 13:52
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलसक्रिय
सक्रिय
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिशुभरोगउद्वेगचरलाभअमृतकालशुभअमृतचररोगकाललाभउद्वेगशुभअमृत
वर्तमान
.
शुभ
04:40 — 06:17
दिन04:4017:33
1शुभबृहस्पति04:4006:17
2रोगमंगल06:1707:53
3उद्वेगसूर्य07:5309:30
4चरशुक्र09:3011:07
5लाभबुध11:0712:43
6अमृतचंद्र12:4314:20
7कालशनि14:2015:57
8शुभबृहस्पति15:5717:33
रात्रि17:33 → अगला सूर्योदय
1अमृतचंद्र17:3318:57
2चरशुक्र18:5720:20
3रोगमंगल20:2021:43
4कालशनि21:4323:06
5लाभबुध23:0600:29
6उद्वेगसूर्य00:2901:53
7शुभबृहस्पति01:5303:16
8अमृतचंद्र03:1604:39
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
गुरु
04:40 — 05:45
iगुरु04:40
iiमङ्गल05:45
iiiसूर्य06:49
ivशुक्र07:53
vबुध08:58
viचन्द्र10:02
viiशनि11:07
viiiगुरु12:11
ixमङ्गल13:16
xसूर्य14:20
xiशुक्र15:24
xiiबुध16:29
xiiiचन्द्र17:33
xivशनि18:29
xvगुरु19:24
xviमङ्गल20:20
xviiसूर्य21:15
xviiiशुक्र22:11
xixबुध23:06
xxचन्द्र00:02
xxiशनि00:57
xxiiगुरु01:53
xxiiiमङ्गल02:48
xxivसूर्य03:44
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iमेष04:4006:11
iiवृष06:1108:07
iiiमिथुन08:0710:22
ivकर्क10:2212:41
vसिंह12:4114:58
viकन्या14:5817:14
viiतुला17:1419:33
viiiवृश्चिक19:3321:51
ixधनु21:5123:55
xमकर23:5501:38
xiकुम्भ01:3803:06
xiiमीन03:0604:32
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
04:4006:11
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मेष · i
06:1108:07
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
वृष · ii
08:0710:22
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मिथुन · iii
10:2212:41
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कर्क · iv
12:4114:58
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
सिंह · v
14:5817:14
रोग पञ्चकस्वास्थ्य · चिकित्सा त्यागें
कन्या · vi
17:1419:33
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
तुला · vii
19:3321:51
राज पञ्चकयात्रा · वाद-विवाद त्यागें
वृश्चिक · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
आनन्द
परिवर्तन05:56
अगला योग
कालदण्ड
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमजल
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
दक्षिण
दिशा-शूल
दक्षिण
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पश्चिम
नक्षत्रानुसार
राहु वास
वायव्य
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पाताल
शुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
कैलाश
शुभ
चन्द्र वास
उत्तर
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
शुभ
शुभ
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
वृषमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
⊝ अष्टम चन्द्र · मेष राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुआश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपद
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
मेष
समस्त दिवस
नक्षत्र
अश्विनी
1 पाद
देशान्तर
2°58'59"
2.98° सायन
गति
0.9777°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
वृश्चिक
चन्द्र राशि
नक्षत्र
अनुराधा
4 पाद
गति
12.0908°
प्रति दिवस
देशान्तर
226°02'03"
226.03° सायन
कला — क्षयक्रम
86%
कृष्ण पक्ष · कृष्ण चतुर्थी
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
कृष्ण
क्षयक्रम
मास — पूर्णिमान्त
वैशाख
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
चैत्र
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
4
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
वसन्त
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
वसन्त
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
उत्तरायण
सायन
वैदिक अयन
उत्तरायण
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2082
काललुक्त
शक संवत्
1947
विश्वावसु
गुजराती संवत्
2081
नल
कलियुग वर्ष
5,126
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,72,317
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°13'02"
24.217126°
जूलियन दिवस
24,60,782
JD
संशोधित JD
60,782
MJD
जूलियन (पुरातन)
4 अप्रैल
2025
राष्ट्रीय सिविल
चैत्र 27
शक 1947
राष्ट्रीय निरयन
चैत्र 4
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,39,358
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
चन्द्र
राजा
चन्द्र
मन्त्री
मङ्गल
सेनाधिपति
बुध
मेघाधिपति
गुरु
सस्याधिपति
शुक्र
धान्याधिपति
शनि
फलाधिपति
सूर्य
रसाधिपति
मङ्गल
धनाधिपति
चन्द्र
निरसाधिपति
बुध
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
कृष्ण चतुर्थी
15:24
अगला
कृष्ण पंचमी
17:08
+ २
कृष्ण षष्ठी

नक्षत्र

अब
अनुराधा
05:56
अगला
ज्येष्ठा
08:22
+ २
मूल

योग

अब
वरीयान
00:52
अगला
परिघ
01:04
+ २
शिव

करण

अब
बालव
15:24
अगला
कौलव
04:19
+ २
तैतिल
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°13'02"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्