ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
28°00'00"N · 95°45'00"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
शनिवार — पञ्चाङ्ग गणना

16.8अगस्त 2025

शनिवार · 16 अगस्त 2025
शनि वार·कृष्ण पक्ष·भाद्रपद मास·संवत् 2082 काललुक्त
निचली दिबांग घाटी
अरुणाचल प्रदेश
28°00'00"N  95°45'00"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
अष्टमीकृष्ण पक्ष
21:35 तक
ii.
नक्षत्र
भरणी4 पाद
06:06 तक
iii.
योग
वृद्धिशुभ
07:22 तक
iv.
करण
बालव
10:42 तक
v.
वार
शनिवारशनि स्वामी
सूर्योदय 04:38

सूर्य आर्क

दिनमान · 13 घण्टे 07 मिनट
04:38सूर्योदय17:45सूर्यास्त11:11
अरुणोदय
03:02
मध्याह्न
11:11
दिनमान
13:07
प्रातः सन्धि
03:32

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 10 घण्टे 54 मिनट
22:21चन्द्रोदय11:37चन्द्रास्तकला ~53%
रात्रिमान
10:54
निशीथ
22:50
गोधूलि
17:42
कला
53%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
10:45 — 11:37
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
03:11 — 03:55
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
13:22 — 14:15
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:42 — 18:06
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
22:50 — 23:33
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
03:32 — 04:38
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
17:45 — 18:50
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
02:24 — 03:54
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
14:28 — 16:06
विशेष योग · आज सक्रिय
+
आनन्दादि — केतुअशुभ
06:06 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
07:54 — 09:33
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
12:49 — 14:28
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
04:38 — 06:16
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
17:23 — 18:53
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलअनुपस्थित
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिकालशुभरोगउद्वेगचरलाभअमृतकाललाभउद्वेगशुभअमृतचररोगकाललाभ
वर्तमान
.
काल
04:38 — 06:16
दिन04:3817:45
1कालशनि04:3806:16
2शुभबृहस्पति06:1607:54
3रोगमंगल07:5409:33
4उद्वेगसूर्य09:3311:11
5चरशुक्र11:1112:49
6लाभबुध12:4914:28
7अमृतचंद्र14:2816:06
8कालशनि16:0617:45
रात्रि17:45 → अगला सूर्योदय
1लाभबुध17:4519:06
2उद्वेगसूर्य19:0620:28
3शुभबृहस्पति20:2821:50
4अमृतचंद्र21:5023:11
5चरशुक्र23:1100:33
6रोगमंगल00:3301:55
7कालशनि01:5503:16
8लाभबुध03:1604:38
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
शनि
04:38 — 05:43
iशनि04:38
iiगुरु05:43
iiiमङ्गल06:49
ivसूर्य07:54
vशुक्र09:00
viबुध10:06
viiचन्द्र11:11
viiiशनि12:17
ixगुरु13:22
xमङ्गल14:28
xiसूर्य15:33
xiiशुक्र16:39
xiiiबुध17:45
xivचन्द्र18:39
xvशनि19:34
xviगुरु20:28
xviiमङ्गल21:22
xviiiसूर्य22:17
xixशुक्र23:11
xxबुध00:06
xxiचन्द्र01:00
xxiiशनि01:55
xxiiiगुरु02:49
xxivमङ्गल03:44
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iकर्क04:3704:45
iiसिंह04:4507:02
iiiकन्या07:0209:18
ivतुला09:1811:37
vवृश्चिक11:3713:55
viधनु13:5515:59
viiमकर15:5917:42
viiiकुम्भ17:4219:10
ixमीन19:1020:35
xमेष20:3522:11
xiवृष22:1100:07
xiiमिथुन00:0702:22
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
04:3704:45
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
कर्क · i
04:4507:02
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
सिंह · ii
07:0209:18
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कन्या · iii
09:1811:37
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
तुला · iv
11:3713:55
रोग पञ्चकस्वास्थ्य · चिकित्सा त्यागें
वृश्चिक · v
13:5515:59
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
धनु · vi
15:5917:42
राज पञ्चकयात्रा · वाद-विवाद त्यागें
मकर · vii
17:4219:10
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कुम्भ · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
केतु
परिवर्तन06:06
अगला योग
श्रीवत्स
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमपृथ्वी
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
पूर्व
दिशा-शूल
पूर्व
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पश्चिम
नक्षत्रानुसार
राहु वास
उत्तर
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पाताल
शुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
गौरी
शुभ
चन्द्र वास
पूर्व
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
मृत्यु
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
मेषमिथुनकर्कतुलावृश्चिककुम्भ
⊝ अष्टम चन्द्र · कन्या राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीकृत्तिकारोहिणीआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीहस्तस्वातिअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाश्रवणशतभिषा
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
कर्क
02:01 तक
नक्षत्र
आश्लेषा
4 पाद
देशान्तर
119°08'35"
119.14° सायन
गति
0.9612°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
मेष
चन्द्र राशि
नक्षत्र
भरणी
4 पाद
गति
14.1939°
प्रति दिवस
देशान्तर
25°47'20"
25.79° सायन
कला — क्षयक्रम
53%
कृष्ण पक्ष · कृष्ण अष्टमी
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
कृष्ण
क्षयक्रम
मास — पूर्णिमान्त
भाद्रपद
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
श्रावण
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
31
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
वर्षा
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
वर्षा
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
दक्षिणायन
सायन
वैदिक अयन
दक्षिणायन
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2082
काललुक्त
शक संवत्
1947
विश्वावसु
गुजराती संवत्
2081
नल
कलियुग वर्ष
5,126
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,72,438
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°13'18"
24.221753°
जूलियन दिवस
24,60,903
JD
संशोधित JD
60,903
MJD
जूलियन (पुरातन)
3 अगस्त
2025
राष्ट्रीय सिविल
श्रावण 25
शक 1947
राष्ट्रीय निरयन
आषाढ़ 31
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,39,479
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
बुध
राजा
बुध
मन्त्री
गुरु
सेनाधिपति
शुक्र
मेघाधिपति
शनि
सस्याधिपति
सूर्य
धान्याधिपति
चन्द्र
फलाधिपति
मङ्गल
रसाधिपति
गुरु
धनाधिपति
बुध
निरसाधिपति
शुक्र
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
कृष्ण अष्टमी
21:35
अगला
कृष्ण नवमी
19:25
+ २
कृष्ण दशमी

नक्षत्र

अब
भरणी
06:06
अगला
कृत्तिका
04:39
+ २
रोहिणी

योग

अब
वृद्धि
07:22
अगला
ध्रुव
04:30
+ २
व्याघात

करण

अब
बालव
10:42
अगला
कौलव
21:35
+ २
तैतिल
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°13'18"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्