ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
Pāthardih, झारखंड

Pāthardih — पंचांग

8 नवंबर 2027, सोमवार

सूर्योदय
05:54
सूर्यास्त
17:02
चंद्रोदय
13:19
चंद्रास्त
00:29
← पिछला दिनआज का पंचांगअगला दिन →

नवंबर 2027 — मासिक पंचांग

पंचक चल रहा है
पंचक काल में शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं

पंचांग — पाँच अंग

तिथि
शुक्ल दशमी
00:00 तक
अगली: शुक्ल एकादशी
प्रगति2%
नक्षत्र
शतभिषा (1 पाद)
00:00 तक
अगली: पूर्वभाद्रपद
स्वामी: राहु
योग
ध्रुव
23:31 तक
अगला: व्याघात
शुभ
करण
तैतिल
00:00 तक
अगला: गर
शुभ
वार
सोमवार

पंचांग सार

तिथि
शुक्ल दशमी· 00:00 तक
शुक्ल एकादशी
नक्षत्र
शतभिषा · पद 1· 00:00 तक
पूर्वभाद्रपद
योग
ध्रुव· 23:31 तक
व्याघात
करण
तैतिल· 00:00 तक
गर
वार
सोमवार
पक्ष
शुक्ल पक्ष

ग्रह स्थिति

सूर्य
राशितुला
नक्षत्रविशाखा
पद1
देशांतर201°07'24"
चन्द्रमा
राशिकुम्भ
नक्षत्रशतभिषा
पद1
देशांतर309°20'34"

राशि

चंद्र राशि
कुम्भ
सूर्य राशि
तुला

Pāthardih — शुभ-अशुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:18 — 05:06
प्रातः सन्ध्या
05:06 — 06:42
सूर्योदय
05:54
अभिजित मुहूर्त
11:04 — 11:52
अमृत कालविशेष
05:54 — 07:17
विजय मुहूर्त
14:48 — 15:33
गोधूलि मुहूर्त
16:38 — 17:26
सूर्यास्त
17:02
सायाह्न सन्ध्या
17:05 — 18:14
निशिता मुहूर्त
23:04 — 23:52
राहु काल
07:17 — 08:41
यमगंड काल
08:41 — 10:04
गुलिक काल
12:51 — 14:15
प्रथम दुर्मुहूर्त
10:04 — 10:46
द्वितीय दुर्मुहूर्त
12:51 — 13:33
चंद्रोदय
13:19
चंद्रास्त
00:29
मध्याह्न
11:28

हिन्दू पंचांग — संवत् एवं मास

चन्द्र माह (पूर्णिमान्त)
कार्तिक
चन्द्र माह (अमान्त)
कार्तिक
पक्ष
शुक्ल पक्ष
विक्रम संवत्
2084
शक संवत्
1949
गुजराती संवत्
2083

नक्षत्र विस्तार

नक्षत्र पद
पद 1
शतभिषा
नक्षत्र स्वामी
राहु
नक्षत्र देवता
वरुण
सूर्य नक्षत्र
विशाखा
पद 1स्वामी: बृहस्पति

ऋतु एवं अयन

वैदिक ऋतु
शरद
द्रिक ऋतु
हेमन्त
अयन
दक्षिणायन

दिनमान एवं रात्रिमान

दिनमान
11 घण्टे 07 मिनट 58 सेकण्ड
27 घटी 50 पल
रात्रिमान
12 घण्टे 52 मिनट 02 सेकण्ड
32 घटी 10 पल
मध्याह्न (सौर)
11:28
सूर्य का उच्चतम बिन्दु

दिन का चौघड़िया — 8 नवंबर 2027, सोमवार

अमृतशुभलाभचरकालउद्वेगरोग
05:5407:17
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
07:1708:41
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
08:4110:04
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
10:0411:28
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
11:2812:51
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
12:5114:15
चर
यात्रा, वाहन चालन
14:1515:38
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
15:3817:02
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह

रात का चौघड़िया

17:0218:38
चर
यात्रा, वाहन चालन
18:3820:15
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
20:1521:51
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
21:5123:28
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
23:2801:04
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
01:0402:41
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
02:4104:17
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
04:1705:54
चर
यात्रा, वाहन चालन

Pāthardih पंचांग — नवंबर 2027

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अन्य शहरों का पंचांग — 8 नवंबर 2027, सोमवार

दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराज

Pāthardih पंचांग — 8 नवंबर 2027, सोमवार

Pāthardih (झारखंड) के लिए 8 नवंबर 2027, सोमवार का सम्पूर्ण हिन्दू पंचांग यहाँ प्रस्तुत है। पंचांग के पाँच अंग — तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार — के साथ-साथ सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय, राहु काल, यमगंड काल, गुलिक काल, ब्रह्म मुहूर्त, अभिजित मुहूर्त और चौघड़िया की सटीक जानकारी दी गई है।

यह पंचांग Pāthardih के अक्षांश-देशांतर के अनुसार खगोलीय गणना पर आधारित है, जिससे सूर्योदय और अन्य समय स्थानीय रूप से सटीक हैं। किसी भी शुभ कार्य, पूजा, व्रत या मुहूर्त के लिए अपने शहर का पंचांग अवश्य देखें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

Pāthardih में 8 नवंबर 2027, सोमवार को सूर्योदय कब है?

Pāthardih में 8 नवंबर 2027, सोमवार को सूर्योदय 05:54 बजे और सूर्यास्त 17:02 बजे है। ये समय खगोलीय गणना के आधार पर सटीक हैं।

Pāthardih में 8 नवंबर 2027, सोमवार को राहु काल कब है?

Pāthardih में 8 नवंबर 2027, सोमवार को राहु काल 07:17 से 08:41 तक है। इस समय नए कार्य प्रारंभ न करें।

Pāthardih में 8 नवंबर 2027, सोमवार को तिथि क्या है?

Pāthardih में 8 नवंबर 2027, सोमवार को शुक्ल दशमी तिथि है।

पंचांग के पाँच अंग कौन से हैं?

पंचांग के पाँच अंग हैं — तिथि (चंद्र दिन), नक्षत्र (चंद्र मंडल), योग (सूर्य-चंद्र संयोग), करण (अर्ध-तिथि) और वार (सप्ताह का दिन)। ये पाँचों मिलकर किसी भी दिन की शुभता निर्धारित करते हैं।

अभिजित मुहूर्त किसे कहते हैं?

अभिजित मुहूर्त दिन का सबसे शुभ समय है, जो सौर मध्याह्न (solar noon) के आसपास 48 मिनट का होता है। बृहत्संहिता के अनुसार यह दिन का आठवाँ मुहूर्त है।