ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
28°03'00"N · 94°02'60"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
सोमवार — पञ्चाङ्ग गणना

5.8अगस्त 2024

सोमवार · 5 अगस्त 2024
चन्द्र वार·शुक्ल पक्ष·श्रावण मास·संवत् 2081 पिंगल
ऊपरी सुबनसिरी
अरुणाचल प्रदेश
28°03'00"N  94°02'60"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
प्रतिपदाशुक्ल पक्ष
18:04 तक
ii.
नक्षत्र
आश्लेषा3 पाद
15:22 तक
iii.
योग
व्यतीपातअशुभ
10:39 तक
iv.
करण
किंस्तुघ्न
05:19 तक
v.
वार
सोमवारचन्द्र स्वामी
सूर्योदय 04:39

सूर्य आर्क

दिनमान · 13 घण्टे 22 मिनट
04:39सूर्योदय18:01सूर्यास्त11:20
अरुणोदय
03:03
मध्याह्न
11:20
दिनमान
13:22
प्रातः सन्धि
03:35

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 10 घण्टे 38 मिनट
05:11चन्द्रोदय18:43चन्द्रास्तकला ~0%
रात्रिमान
10:38
निशीथ
22:59
गोधूलि
17:58
कला
0%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
10:53 — 11:46
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
03:14 — 03:57
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
13:33 — 14:27
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:58 — 18:22
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
22:59 — 23:41
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
03:35 — 04:39
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
18:01 — 19:04
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
13:38 — 15:22
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
04:39 — 06:19
विशेष योग · आज सक्रिय
+
आनन्दादि — सौम्यशुभ
15:22 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
06:19 — 07:59
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
09:39 — 11:20
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
13:00 — 14:40
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
04:33 — 06:19
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलसक्रिय
सक्रिय
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिअमृतकालशुभरोगउद्वेगचरलाभअमृतचररोगकाललाभउद्वेगशुभअमृतचर
वर्तमान
.
अमृत
04:39 — 06:19
दिन04:3918:01
1अमृतचंद्र04:3906:19
2कालशनि06:1907:59
3शुभबृहस्पति07:5909:39
4रोगमंगल09:3911:20
5उद्वेगसूर्य11:2013:00
6चरशुक्र13:0014:40
7लाभबुध14:4016:20
8अमृतचंद्र16:2018:01
रात्रि18:01 → अगला सूर्योदय
1चरशुक्र18:0119:20
2रोगमंगल19:2020:40
3कालशनि20:4022:00
4लाभबुध22:0023:20
5उद्वेगसूर्य23:2000:40
6शुभबृहस्पति00:4001:59
7अमृतचंद्र01:5903:19
8चरशुक्र03:1904:39
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
चन्द्र
04:39 — 05:45
iचन्द्र04:39
iiशनि05:45
iiiगुरु06:52
ivमङ्गल07:59
vसूर्य09:06
viशुक्र10:13
viiबुध11:20
viiiचन्द्र12:26
ixशनि13:33
xगुरु14:40
xiमङ्गल15:47
xiiसूर्य16:54
xiiiशुक्र18:01
xivबुध18:54
xvचन्द्र19:47
xviशनि20:40
xviiगुरु21:33
xviiiमङ्गल22:27
xixसूर्य23:20
xxशुक्र00:13
xxiबुध01:06
xxiiचन्द्र01:59
xxiiiशनि02:53
xxivगुरु03:46
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iकर्क04:3805:34
iiसिंह05:3407:51
iiiकन्या07:5110:07
ivतुला10:0712:26
vवृश्चिक12:2614:44
viधनु14:4416:48
viiमकर16:4818:31
viiiकुम्भ18:3119:59
ixमीन19:5921:24
xमेष21:2423:00
xiवृष23:0000:56
xiiमिथुन00:5603:11
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
04:3805:34
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कर्क · i
05:3407:51
राज पञ्चकयात्रा · वाद-विवाद त्यागें
सिंह · ii
07:5110:07
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कन्या · iii
10:0712:26
अग्नि पञ्चकअग्नि कार्य त्यागें
तुला · iv
12:2614:44
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृश्चिक · v
14:4416:48
चोर पञ्चकलेन-देन त्यागें
धनु · vi
16:4818:31
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मकर · vii
18:3119:59
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
कुम्भ · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
सौम्य
परिवर्तन15:22
अगला योग
ध्वांक्ष
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमजल
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
पूर्व
दिशा-शूल
पूर्व
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
उत्तर
नक्षत्रानुसार
राहु वास
वायव्य
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पृथ्वी
शुभ
भद्रा वास
भूमि
त्याज्य
शिव वास
श्मशान
अशुभ
चन्द्र वास
उत्तर
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
लाभ
शुभ
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
वृषकर्ककन्यातुलामकरकुम्भ
⊝ अष्टम चन्द्र · धनु राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातिअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषा
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
कर्क
समस्त दिवस
नक्षत्र
आश्लेषा
1 पाद
देशान्तर
108°50'09"
108.84° सायन
गति
0.9581°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
कर्क
चन्द्र राशि
नक्षत्र
आश्लेषा
3 पाद
गति
12.2257°
प्रति दिवस
देशान्तर
114°30'37"
114.51° सायन
कला — वृद्धिक्रम
0%
शुक्ल पक्ष · शुक्ल प्रतिपदा
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
शुक्ल
वृद्धिक्रम
मास — पूर्णिमान्त
श्रावण
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
श्रावण
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
20
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
वर्षा
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
वर्षा
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
दक्षिणायन
सायन
वैदिक अयन
दक्षिणायन
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2081
पिंगल
शक संवत्
1946
क्रोधी
गुजराती संवत्
2080
राक्षस
कलियुग वर्ष
5,125
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,72,062
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°12'27"
24.207373°
जूलियन दिवस
24,60,527
JD
संशोधित JD
60,527
MJD
जूलियन (पुरातन)
23 जुलाई
2024
राष्ट्रीय सिविल
श्रावण 14
शक 1946
राष्ट्रीय निरयन
आषाढ़ 20
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,39,103
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
मङ्गल
राजा
मङ्गल
मन्त्री
बुध
सेनाधिपति
गुरु
मेघाधिपति
शुक्र
सस्याधिपति
शनि
धान्याधिपति
सूर्य
फलाधिपति
चन्द्र
रसाधिपति
बुध
धनाधिपति
मङ्गल
निरसाधिपति
गुरु
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
शुक्ल प्रतिपदा
18:04
अगला
शुक्ल द्वितीया
19:53
+ २
शुक्ल तृतीया

नक्षत्र

अब
आश्लेषा
15:22
अगला
मघा
17:45
+ २
पूर्व फाल्गुनी

योग

अब
व्यतीपात
10:39
अगला
वरीयान
11:01
+ २
परिघ

करण

अब
किंस्तुघ्न
05:19
अगला
बव
18:03
+ २
बालव
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°12'27"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्