शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
भैरव मंत्र
ॐ देव्यै नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
प्रकारसहस्रनाम स्तोत्र मंत्र (दशमहाविद्या)
स्वरूपदशमहाविद्या काली / करालवदना काली
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो परम प्रकाशमयी, दिव्य शक्तियों की स्वामिनी, साक्षात् देवी हैं।
जप काल
देवी की मूर्ति, यंत्र या चित्र के सम्मुख 'ककारादि सहस्रार्चन' विधि द्वारा।
इसे भी पढ़ें
अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ दुर्गायै नमः
रक्षत्वसौ माध्वनि यज्ञकल्पः स्वदंष्ट्रयोद्धृतधरो वराहः
उमासहायं परमेश्वरं प्रभुं त्रिलोचनं नीलकण्ठं प्रशान्तम्। ध्यात्वा मुनिर्गच्छति भूतयोनिं समस्तसाक्षिं तमसः परस्तात्॥
ॐ प्रमत्ताय नमः
ॐ स्तुत्यायै नमः
अधो स्वर्णाकर्षण भैरवाय नमः अधो मां रक्ष रक्ष काल कंटकान् भक्ष भक्ष आवाहयाम्यहं इत्र तिष्ठ तिष्ठ हुं फट् स्वाहा।