शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
हनुमान मंत्र
ॐ मायायै नमः।
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारपाञ्चरात्र अनुचर मंत्र (माया)
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जिनके एक मंद कटाक्ष (कृपा-दृष्टि) से ब्रह्मा, इन्द्र और शिव वैभव प्राप्त करते हैं, उन त्रैलोक्य को अपना कुटुंब मानने वाली, कमल पर विराजने वाली मुकुंद-प्रिया की मैं वंदना करता हूँ।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
भगवान की अघटन-घटन-पटीयसी माया को समझने की क्षमता और उससे मुक्ति
विस्तृत लाभ
भगवान की अघटन-घटन-पटीयसी माया को समझने की क्षमता और उससे मुक्ति।
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