शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
माँ लक्ष्मी मंत्र
ॐ रविकोट्युदयप्रभाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूपसूर्य-तेज
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
करोड़ों सूर्यों के उदय के समान तेज वाले को नमन।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
आध्यात्मिक अंधकार का त्वरित नाश
विस्तृत लाभ
आध्यात्मिक अंधकार का त्वरित नाश।
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प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ शुचये नमः
ॐ नमस्ते गणपतये ॥ त्वमेव प्रत्यक्षं तत्त्वमसि ॥ त्वमेव केवलं कर्ताऽसि ॥ त्वमेव केवलं धर्ताऽसि ॥ त्वमेव केवलं हर्ताऽसि ॥ त्वमेव सर्वं खल्विदं ब्रह्मासि ॥ त्वं साक्षादात्माऽसि नित्यम् ॥
ॐ खरध्वंसिने नमः
ॐ चक्रपाणये नमः
ॐ महेश्वर्यै नमः
आग्नेये रूरु भैरवाय नमः आग्नेये मां रक्ष रक्ष काल कंटकान् भक्ष भक्ष आवाहयाम्यहं इत्र तिष्ठ तिष्ठ हुं फट् स्वाहा।