शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
घोर विपत्ति एवं संकट नाश हेतु
शरणागतदीनार्तपरित्राणपरायणे। सर्वस्यार्तिहरे देवि नारायणि नमोऽस्तु ते॥ 17
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
कोर्ट-कचहरी, राजदंड, और घोर जीवन संकट से आश्रितों की रक्षा
विस्तृत लाभ
कोर्ट-कचहरी, राजदंड, और घोर जीवन संकट से आश्रितों की रक्षा।
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प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ नमो भगवति सरस्वति परमेश्वरि। वाग्वादिनि मम विद्यां देहि भगवति। भंसवाहिनि हंससमारूढे बुद्धिं देहि देहि। प्रज्ञां देहि देहि विद्यां परमेश्वरि सरस्वति स्वाहा॥
ॐ धर्मनिलयायै नमः
ॐ सहस्रार हुं फट् नमः
सुवर्णमालिकाञ्चितत्रिरेखकम्बुकण्ठगे त्रिसूत्रमङ्गलीगुणत्रिरत्नदीप्तिदीधिते। सलोलनीलकुन्तलप्रसूनगुच्छगुम्फिते कदा करिष्यसीह मां कृपाकटाक्षभाजनम्॥
ॐ नवव्याकृतपण्डिताय नमः
ॐ भर्गाय नमः