शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
परशुराम मंत्र
ॐ वज्रदंष्ट्राय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
स्वरूपवज्रदंष्ट्र
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जिनके दाँत वज्र (आकाशीय बिजली) के समान मारक हैं, उन्हें नमस्कार है।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
जीवन की कठोरतम बाधाओं और लौह-श्रृंखलाओं के समान जटिल समस्याओं का कटना
विस्तृत लाभ
जीवन की कठोरतम बाधाओं और लौह-श्रृंखलाओं के समान जटिल समस्याओं का कटना।
इसे भी पढ़ें
अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
मुदाकरात्तमोदकं सदा विमुक्तिसाधकं कलाधरावतंसकं विलासिलोकरक्षकम् । अनायकैकनायकं विनाशितेभदैत्यकं नताशुभाशुनाशकं नमामि तं विनायकम् ॥
नैऋत्ये क्रोध भैरवाय नमः नैऋत्ये मां रक्ष रक्ष काल कंटकान् भक्ष भक्ष आवाहयाम्यहं इत्र तिष्ठ तिष्ठ हुं फट् स्वाहा।
श्री राम राम रामेति रमे रामे मनोरमे। सहस्रनाम तत्तुल्यं रामनाम वरानने॥
ॐ नामपारायणप्रियाय नमः
ॐ तत्त्वज्ञानप्रदाय नमः
ॐ सत्यज्ञानायै नमः