शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
माँ सरस्वती मंत्र
अश्मा च मे मृत्तिका च मे गिरयश्च मे पर्वताश्च मे...
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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टिप्पणी
मुझे पत्थर, मिट्टी, पहाड़ और पर्वत आदि का लाभ मिले
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अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ आश्रिताखिलदात्रे नमः
ॐ ताटकान्तकाय नमः
ॐ पुरुषाय नमः
ॐ लोकत्रयेशाय नमः।
कात्यायनि महामाये महायोगिन्यधीश्वरि। नन्दगोपसुतं देवि पतिं मे कुरु ते नमः॥
ॐ सरस्वत्यै स्वाहेति श्रोत्रं पातु निरन्तरम्। (स्वरूप: सरस्वती | लाभ: कानों, श्रवण-शक्ति व नाद-ग्रहण की रक्षा | अर्थ: सरस्वती मेरे कानों की निरंतर रक्षा करें) 8