शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
द्वादशाक्षर युगल मंत्र
क्लीं कृष्णाय राधिकायै श्रेयं नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारयुगल उपासना मंत्र
स्वरूपराधा-कृष्ण युगल
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
क्लीं (काम/कृष्ण बीज) स्वरूप कृष्ण और राधिका को परम कल्याण हेतु मेरा नमस्कार है।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
राधा-कृष्ण के प्रेमामृत की अनुभूति, वियोग के दुखों का नाश और परम कल्याण (श्रेय) की प्राप्ति
विस्तृत लाभ
राधा-कृष्ण के प्रेमामृत की अनुभूति, वियोग के दुखों का नाश और परम कल्याण (श्रेय) की प्राप्ति 24।
जप काल
युगल-ध्यान के समय मानसिक रूप से।
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