बुरे कर्म करने वाले सुखी क्यों रहते हैं, उत्तर क्या?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
बुरे कर्मी का सुख पूर्व जन्मों के पुण्य भंडार का फल है — यह अस्थायी है। बुरे कर्मों का फल विलंब से पर अवश्य आता है (कौरवों की तरह)। बाहरी सुख भीतरी शांति नहीं है। अंतिम न्याय अटल है।
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