का सरल उत्तर
कालसर्प दोष अक्सर पितृदोष का ज्योतिषीय प्रकटीकरण होता है — राहु-केतु सूर्य (पिता) और चंद्रमा (माता) को ग्रहण लगाते हैं और पूर्वजों की अतृप्त इच्छाएं इसका कारण बनती हैं।
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
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