नवधा भक्ति क्या है?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
नवधा भक्ति (प्रह्लाद द्वारा हिरण्यकशिपु को उपदेश): (1) श्रवण, (2) कीर्तन, (3) स्मरण, (4) पादसेवन, (5) अर्चन, (6) वंदन, (7) दास्य, (8) सख्य, (9) आत्मनिवेदन। सर्वोच्च = आत्मनिवेदन (पूर्ण समर्पण)।
सम्पूर्ण उत्तर
विस्तृत प्रश्न पृष्ठ देखें
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
श्रेणी
भक्ति, मंत्र और उपासना
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।