का सरल उत्तर
रक्तबीज = जिसके रक्त की हर बूँद से नया असुर बनता था। देवी ने काली रूप धारण किया → काली ने विशाल जिह्वा से रक्तबीज का समस्त रक्त पान किया → धरती पर एक बूँद नहीं गिरने दी → रक्तबीज का वध संभव हुआ।
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।