मंगलवार को ब्रह्ममुहूर्त में लाल आसन पर बैठकर, चमेली का दीप जलाएं, सिंदूर चढ़ाएं, 'ॐ हं हनुमते नमः' का 108 बार जप करें। हनुमान चालीसा और सुंदरकांड पाठ सर्वोत्तम साधना है। 21 मंगलवार की साधना से विशेष फल मिलता है।
1भक्ति साधना (सर्वोत्तम और सरल):
2तांत्रिक साधना (गुरु दीक्षा आवश्यक):
3स्नान और वस्त्र: ब्रह्ममुहूर्त में स्नान करके ब्रह्मचर्य का संकल्प लें।
4आसन: लाल आसन पर पूर्व या दक्षिण मुख करके बैठें — हनुमान जी दक्षिण दिशा के रक्षक हैं।
5दीप: चमेली के तेल का दीप जलाएं।
6हनुमान जी का ध्यान:
7सिंदूर अर्पण: हनुमान जी को सिंदूर का चोला अर्पित करें।