की चेकलिस्ट
संध्या = दो ऊर्जाओं का मिलन — मंत्र शक्ति अधिक। 'संध्याहीनोऽशुचिः' — संध्या बिना अशुद्ध। प्रातः (ब्रह्म मुहूर्त) = सर्वोत्तम। मध्याह्न = मध्यम। सायं = द्वितीय। कम से कम प्रातः संध्या = अनिवार्य। गायत्री = सूर्य मंत्र = संध्या हेतु।
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