शुभ पौधे: तुलसी (ईशान कोण), पीपल (बाहर), नीम (वायव्य), बांस (पूर्व), अशोक (प्रवेश द्वार), केला (ईशान), मनी प्लांट (आग्नेय)। कैक्टस, बोनसाई और सूखे पौधे वर्जित। तुलसी सर्वश्रेष्ठ वास्तु उपाय है।
- 1तुलसी (Holy Basil) — सर्वश्रेष्ठ। पद्म पुराण में इसे विष्णुप्रिया कहा गया है। ईशान कोण या प्रांगण में लगाएं। वायु शुद्धि, कीट निवारण और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करती है।
- 2पीपल (Ficus Religiosa) — अत्यंत पवित्र वृक्ष। घर के बाहर (पूर्व या उत्तर में) लगाएं। भगवान विष्णु का वास माना जाता है। शनि दोष शांति में सहायक।
- 3नीम (Azadirachta Indica) — वायव्य कोण (उत्तर-पश्चिम) में शुभ। नकारात्मक ऊर्जा और वायु प्रदूषण दोनों दूर करता है।
- 4बांस (Bamboo) — तेजी से बढ़ता है, समृद्धि और दीर्घायु का प्रतीक। पूर्व या दक्षिण-पूर्व में लगाएं।
- 5अशोक वृक्ष — शोक निवारक। घर के प्रवेश द्वार के दोनों ओर या उत्तर-पूर्व में।
- 6केला (Banana) — ईशान कोण में शुभ। बृहस्पति ग्रह से संबंधित। गुरुवार को पूजा करें।
- 7आंवला — उत्तर-पूर्व या पूर्व दिशा में। कार्तिक मास में आंवला पूजा का विशेष विधान है।