शिव पूजा विधिशिव परिवार की पूजा कैसे करें और इसका क्या लाभ है?शिवलिंग = पूरे परिवार का प्रतीक। क्रम: गणेश→पार्वती→कार्तिकेय→शिव→नंदी। लाभ: पारिवारिक एकता, बुद्धि (गणेश), सौभाग्य (पार्वती), साहस (कार्तिकेय), कल्याण (शिव)। संतान सुख। शिक्षा: विरोधी वाहन फिर भी एकसाथ = एकता।#शिव परिवार#पार्वती#गणेश
गणेश पूजाबुधवार को गणेश पूजा करने का क्या विशेष विधान है?बुधवार = बुद्धि दिवस, गणेश = बुद्धि देवता। विधान: पंचामृत अभिषेक, सिंदूर, 21 दूर्वा, मोदक, 108 जप, अथर्वशीर्ष/चालीसा, हरे मूंग प्रसाद। 21 बुधवार व्रत = मनोकामना पूर्ति। फल: बुद्धि, वाक्शक्ति, व्यापार लाभ, बुध शांति।#बुधवार#गणेश#बुध ग्रह
शिव शाबर मंत्रसाधना से पहले 'गणेश पूजन' क्यों अनिवार्य है?साधना को निर्विघ्न और सफल बनाने के लिए श्री गणेश का पूजन अनिवार्य रूप से किया जाता है।#गणेश पूजन#विघ्नहर्ता#साधना प्रारंभ
शिव शाबर मंत्रभंडार भरण मंत्र में शिव परिवार का ध्यान क्यों किया जाता है?शिव परिवार की समग्र ऊर्जा (समृद्धि, बुद्धि, शक्ति) को जीवन में स्थापित करने के लिए उनका ध्यान होता है।#शिव परिवार#गौरा#गणेश
दैनिक आचारघर से निकलते समय कौन सा मंत्र बोलेंगणेश: 'वक्रतुण्ड महाकाय...' (विघ्न निवारण) या 'ॐ गं गणपतये नमः'। हनुमान स्मरण। दाहिने पैर से निकलें। माता/बड़ों का आशीर्वाद। द्वार पर प्रणाम।#घर से निकलना#मंत्र#सुरक्षा
नित्य मंत्रदुकान खोलते समय कौन सा मंत्र बोलें?दुकान मंत्र: गणेश (वक्रतुण्ड...) → लक्ष्मी (ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नमः) → कुबेर मंत्र। विधि: गंगाजल छिड़काव → दीपक-अगरबत्ती → मंत्र → प्रणाम → गल्ले पर स्वस्तिक। धनतेरस, दीपावली पर विशेष पूजा।#दुकान मंत्र#व्यापार मंत्र#लक्ष्मी