लोककुँवारा पंचमी से आत्मा को शांति कैसे मिलती है?कुँवारा पंचमी का तर्पण अविवाहित आत्मा को शांति देता है।#कुँवारा पंचमी#आत्मा शांति#पिण्डदान
मरणोपरांत आत्मा यात्रामृत्यु के दिन पिण्डदान का क्या महत्व है?मृत्यु के दिन पिण्डदान आत्मा की शांति, शव की शुद्धि और अग्निदाह की योग्यता के लिए आवश्यक है।#मृत्यु का दिन#पिण्डदान#शव शुद्धि
मंत्र विधिमृत व्यक्ति की आत्मा शांति के लिए कौन सा मंत्र जपें?मंत्र: 'ॐ नमो भगवते वासुदेवाय', 'ॐ नमः शिवाय', महामृत्युंजय, गायत्री, विष्णु सहस्रनाम। गीता पाठ (अध्याय 2/8/15) सर्वोत्तम। गरुड़ पुराण (13 दिन)। श्राद्ध/तर्पण/पिंडदान/गया श्राद्ध। अन्नदान मृतक नाम से = सर्वश्रेष्ठ।#आत्मा शांति#मृतक#श्राद्ध