ध्यान साधनाध्यान में जप ध्यान और मौन ध्यान में कौन प्रभावी है?दोनों प्रभावी — भिन्न स्तर। जप: सरल, सहारा=मंत्र, प्रारम्भिक/मध्यम, भक्ति+ऊर्जा। मौन: कठिन, कोई सहारा नहीं, उन्नत, गहनतम। क्रम: जप→मानसिक→मौन (प्राकृतिक)। विज्ञान भैरव: 'जो सूट करे वही।' सर्वोत्तम: जप से शुरू→मौन में प्रवेश→समाधि। दोनों=एक यात्रा।#जप ध्यान#मौन ध्यान#मानसिक जप
ध्यान साधनाध्यान में जप ध्यान और मौन ध्यान में कौन प्रभावी है?दोनों प्रभावी — भिन्न स्तर। जप: सरल, सहारा=मंत्र, प्रारम्भिक/मध्यम, भक्ति+ऊर्जा। मौन: कठिन, कोई सहारा नहीं, उन्नत, गहनतम। क्रम: जप→मानसिक→मौन (प्राकृतिक)। विज्ञान भैरव: 'जो सूट करे वही।' सर्वोत्तम: जप से शुरू→मौन में प्रवेश→समाधि। दोनों=एक यात्रा।
मंत्र जपमंत्र जप के दौरान ध्यान कैसे करें?मंत्रमहार्णव: ध्यानयुक्त जप से देवता प्राप्ति। पाँच विधियाँ: देवता-स्वरूप ध्यान (सर्वोत्तम), मंत्र-अर्थ चिंतन, नाद-ध्यान (ध्वनि सुनना), श्वास-नाम संयोग (सोऽहं), हृदय-केंद्रित ध्यान। कुलार्णव: हर श्वास में मंत्र। ध्यान जप के बाद नहीं — साथ-साथ।#जप ध्यान#मंत्र और ध्यान#एकाग्रता