तीर्थ यात्राचारधाम यात्रा का सही क्रम क्या होना चाहिए?1.यमुनोत्री → 2.गंगोत्री → 3.केदारनाथ → 4.बद्रीनाथ। पश्चिम→पूर्व। अक्षय तृतीया कपाट। ~6 मास (अप्रैल-नवंबर)। रजिस्ट्रेशन अनिवार्य। बद्रीनाथ = दूसरा बैकुंठ।#चारधाम#क्रम#सही
आधुनिक धर्म प्रश्नएसी रूम में पूजा सही है क्याहाँ — कोई वर्जना नहीं। AC=शीतल/शांत=ध्यान बेहतर। दीपक/धूप=AC बंद रखें (लौ बुझती)। ईश्वर सर्वव्यापी; भक्ति भाव=सर्वोपरि। आराम से पूजा=अच्छी पूजा।#AC#पूजा#सही
मंदिर ज्ञानमंदिर में चरणामृत पीने की सही विधि क्या है?दाहिने हाथ (कुप्पी मुद्रा), तुरंत पिएं, शेष शिर पर। बायां वर्जित। तुलसी+जल+चंदन+कपूर। शिर/बालों में फेरें। पंचामृत: दूध+दही+घी+शहद+शक्कर। तुलसी = antibacterial।#चरणामृत#पीने#विधि
तीर्थ यात्रा12 ज्योतिर्लिंग दर्शन का सही क्रम क्या है?श्लोक क्रम: 1.सोमनाथ 2.मल्लिकार्जुन 3.महाकाल 4.ओंकारेश्वर 5.वैद्यनाथ 6.भीमशंकर 7.रामेश्वर 8.नागेश्वर 9.विश्वनाथ 10.त्र्यम्बकेश्वर 11.केदारनाथ 12.घृष्णेश्वर। भौगोलिक समूह यात्रा। 'सप्तजन्म पाप नाश।'#12#ज्योतिर्लिंग#क्रम
मंदिर ज्ञानमंदिर में आरती का सही समय क्या है?मंगला(4-5AM), प्रातः(7-8), राजभोग(12PM), संध्या(6-7PM=सर्वप्रमुख), शयन(9-10PM)। घर: प्रातः+संध्या। संध्या=दिन-रात संधि=सबसे शक्तिशाली। तिरुपति=3AM, काशी=गंगा आरती।#आरती#समय#सही
हवन/यज्ञहवन की आहुति कैसे दें — सही तरीका क्या है? 'मध्यमा+अनामिका+अंगूठा=चुटकी।' दाहिने हाथ, 'स्वाहा' पूरा बोलकर→अग्नि में छोड़ें। 'इदं न मम'=समर्पण। बाएं=वर्जित। बाहर न गिरे। 1 आहुति=1 मंत्र।#आहुति#कैसे#सही