न्यास और ध्यान विधिअसाध्य रोगों के लिए असितांग भैरव का ध्यान कैसे करें?असाध्य रोग के लिए सौम्य, पालक स्वरूप पर ध्यान करें — रौद्र स्वरूप से विचलित न हों। यह पालक स्वरूप आयु वृद्धि और आधि-व्याधि से मुक्ति देता है।#असाध्य रोग ध्यान#सात्त्विक स्वरूप#आधि व्याधि