ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
12°58'12"N · 77°35'24"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
सोमवार — पञ्चाङ्ग गणना

13.12दिसंबर 2021

सोमवार · 13 दिसंबर 2021
चन्द्र वार·शुक्ल पक्ष·मार्गशीर्ष मास·संवत् 2078 आनन्द
बेंगलुरु
कर्नाटक
12°58'12"N  77°35'24"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
दशमीशुक्ल पक्ष
21:33 तक
ii.
नक्षत्र
रेवती2 पाद
02:07 तक
iii.
योग
वरीयानशुभ
05:58 तक
iv.
करण
तैतिल
08:43 तक
v.
वार
सोमवारचन्द्र स्वामी
सूर्योदय 06:33

सूर्य आर्क

दिनमान · 11 घण्टे 22 मिनट
06:33सूर्योदय17:55सूर्यास्त12:14
अरुणोदय
04:57
मध्याह्न
12:14
दिनमान
11:22
प्रातः सन्धि
05:17

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 12 घण्टे 38 मिनट
14:03चन्द्रोदय02:25, 14 दिसचन्द्रास्तकला ~70%
रात्रिमान
12:38
निशीथ
23:49
गोधूलि
17:53
कला
70%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
11:51 — 12:37
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
04:52 — 05:43
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
14:08 — 14:53
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:53 — 18:20
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
23:49 — 00:39
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
05:17 — 06:33
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
17:55 — 19:11
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
23:30 — 01:15
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
06:33 — 07:58
विशेष योग · आज सक्रिय
+
रवि योगसूर्य-नक्षत्र मेल
समस्त दिवस
+
आनन्दादि — गदअशुभ
02:07 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
07:58 — 09:23
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
10:48 — 12:14
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
13:39 — 15:04
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
13:04 — 14:48
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकसक्रिय
सक्रिय
गण्डमूलसक्रिय
सक्रिय
अस्त — बुधसूर्य से 7.67° दहन
सक्रिय
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिअमृतकालशुभरोगउद्वेगचरलाभअमृतचररोगकाललाभउद्वेगशुभअमृतचर
वर्तमान
.
अमृत
06:33 — 07:58
दिन06:3317:55
1अमृतचंद्र06:3307:58
2कालशनि07:5809:23
3शुभबृहस्पति09:2310:48
4रोगमंगल10:4812:14
5उद्वेगसूर्य12:1413:39
6चरशुक्र13:3915:04
7लाभबुध15:0416:30
8अमृतचंद्र16:3017:55
रात्रि17:55 → अगला सूर्योदय
1चरशुक्र17:5519:30
2रोगमंगल19:3021:05
3कालशनि21:0522:39
4लाभबुध22:3900:14
5उद्वेगसूर्य00:1401:49
6शुभबृहस्पति01:4903:24
7अमृतचंद्र03:2404:58
8चरशुक्र04:5806:33
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
चन्द्र
06:33 — 07:29
iचन्द्र06:33
iiशनि07:29
iiiगुरु08:26
ivमङ्गल09:23
vसूर्य10:20
viशुक्र11:17
viiबुध12:14
viiiचन्द्र13:11
ixशनि14:08
xगुरु15:04
xiमङ्गल16:01
xiiसूर्य16:58
xiiiशुक्र17:55
xivबुध18:58
xvचन्द्र20:01
xviशनि21:05
xviiगुरु22:08
xviiiमङ्गल23:11
xixसूर्य00:14
xxशुक्र01:17
xxiबुध02:20
xxiiचन्द्र03:24
xxiiiशनि04:27
xxivगुरु05:30
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iवृश्चिक06:3206:49
iiधनु06:4908:56
iiiमकर08:5610:50
ivकुम्भ10:5012:32
vमीन12:3214:11
viमेष14:1115:59
viiवृष15:5918:02
viiiमिथुन18:0220:13
ixकर्क20:1322:22
xसिंह22:2200:25
xiकन्या00:2502:27
xiiतुला02:2704:33
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
06:3206:49
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृश्चिक · i
06:4908:56
चोर पञ्चकलेन-देन त्यागें
धनु · ii
08:5610:50
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मकर · iii
10:5012:32
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
कुम्भ · iv
12:3214:11
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मीन · v
14:1115:59
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मेष · vi
15:5918:02
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृष · vii
18:0220:13
रोग पञ्चकस्वास्थ्य · चिकित्सा त्यागें
मिथुन · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
गद
परिवर्तन02:07
अगला योग
राक्षस
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमजल
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
पूर्व
दिशा-शूल
पूर्व
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
दक्षिण
नक्षत्रानुसार
राहु वास
नैऋत्य
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पृथ्वी
शुभ
भद्रा वास
भूमि
त्याज्य
शिव वास
सभा
अशुभ
चन्द्र वास
उत्तर
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
मृत्यु
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
वृषमिथुनकन्यातुलामकरमीन
⊝ अष्टम चन्द्र · सिंह राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातिअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषा
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
वृश्चिक
समस्त दिवस
नक्षत्र
ज्येष्ठा
4 पाद
देशान्तर
237°03'27"
237.06° सायन
गति
1.0167°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
मीन
चन्द्र राशि
नक्षत्र
रेवती
2 पाद
गति
12.2099°
प्रति दिवस
देशान्तर
350°01'47"
350.03° सायन
कला — वृद्धिक्रम
70%
शुक्ल पक्ष · शुक्ल दशमी
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
शुक्ल
वृद्धिक्रम
मास — पूर्णिमान्त
मार्गशीर्ष
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
मार्गशीर्ष
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
27
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
हेमन्त
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
हेमन्त
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
दक्षिणायन
सायन
वैदिक अयन
दक्षिणायन
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2078
आनन्द
शक संवत्
1943
प्लव
गुजराती संवत्
2078
प्रमादी
कलियुग वर्ष
5,122
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,71,096
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°10'14"
24.170432°
जूलियन दिवस
24,59,561
JD
संशोधित JD
59,561
MJD
जूलियन (पुरातन)
30 नवंबर
2021
राष्ट्रीय सिविल
अग्रहायण 22
शक 1943
राष्ट्रीय निरयन
कार्तिक 27
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,38,137
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
मङ्गल
राजा
मङ्गल
मन्त्री
बुध
सेनाधिपति
गुरु
मेघाधिपति
शुक्र
सस्याधिपति
शनि
धान्याधिपति
सूर्य
फलाधिपति
चन्द्र
रसाधिपति
बुध
धनाधिपति
मङ्गल
निरसाधिपति
गुरु
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
शुक्ल दशमी
21:33
अगला
शुक्ल एकादशी
23:36
+ २
शुक्ल द्वादशी

नक्षत्र

अब
रेवती
02:07
अगला
अश्विनी
04:41
+ २
भरणी

योग

अब
वरीयान
05:58
अगला
परिघ
06:31
+ २
शिव

करण

अब
तैतिल
08:43
अगला
गर
21:33
+ २
वणिज
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°10'14"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्