ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
12°58'12"N · 77°35'24"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
गुरुवार — पञ्चाङ्ग गणना

10.3मार्च 2022

गुरुवार · 10 मार्च 2022
गुरु वार·शुक्ल पक्ष·फाल्गुन मास·संवत् 2078 आनन्द
बेंगलुरु
कर्नाटक
12°58'12"N  77°35'24"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
भद्रा सक्रियविष्टि करण · अशुभ — 06:16 — 16:15
i.
तिथि
अष्टमीशुक्ल पक्ष
05:35 तक
ii.
नक्षत्र
रोहिणी4 पाद
11:31 तक
iii.
योग
प्रीतिशुभ
02:16 तक
iv.
करण
विष्टिभद्रा
16:15 तक
v.
वार
गुरुवारगुरु स्वामी
सूर्योदय 06:30

सूर्य आर्क

दिनमान · 11 घण्टे 59 मिनट
06:30सूर्योदय18:30सूर्यास्त12:30
अरुणोदय
04:54
मध्याह्न
12:30
दिनमान
11:59
प्रातः सन्धि
05:18

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 12 घण्टे 00 मिनट
11:53चन्द्रोदय01:01, 11 मार्चचन्द्रास्तकला ~46%
रात्रिमान
12:00
निशीथ
00:06
गोधूलि
18:28
कला
46%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
12:06 — 12:54
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
04:54 — 05:42
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
14:30 — 15:18
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
18:28 — 18:54
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
00:06 — 00:54
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
05:18 — 06:30
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
18:30 — 19:42
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
07:55 — 09:43
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
14:00 — 15:30
विशेष योग · आज सक्रिय
+
सर्वार्थ सिद्धिसिद्धिदायक
समस्त दिवस
+
आनन्दादि — उत्पातअशुभ
11:31 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
14:00 — 15:30
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
06:30 — 08:00
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
09:30 — 11:00
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
17:50 — 19:39
भद्रा · विष्टि करण
मुखपूर्ण अशुभ
06:16 — 07:06
पुच्छअल्प अशुभ
16:05 — 16:15
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलअनुपस्थित
अस्त — बृहस्पतिसूर्य से 3.38° दहन
सक्रिय
विडाल योगक्षीणकारी
सक्रिय
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिशुभरोगउद्वेगचरलाभअमृतकालशुभअमृतचररोगकाललाभउद्वेगशुभअमृत
वर्तमान
.
शुभ
06:30 — 08:00
दिन06:3018:30
1शुभबृहस्पति06:3008:00
2रोगमंगल08:0009:30
3उद्वेगसूर्य09:3011:00
4चरशुक्र11:0012:30
5लाभबुध12:3014:00
6अमृतचंद्र14:0015:30
7कालशनि15:3017:00
8शुभबृहस्पति17:0018:30
रात्रि18:30 → अगला सूर्योदय
1अमृतचंद्र18:3020:00
2चरशुक्र20:0021:30
3रोगमंगल21:3023:00
4कालशनि23:0000:30
5लाभबुध00:3002:00
6उद्वेगसूर्य02:0003:30
7शुभबृहस्पति03:3005:00
8अमृतचंद्र05:0006:30
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
गुरु
06:30 — 07:30
iगुरु06:30
iiमङ्गल07:30
iiiसूर्य08:30
ivशुक्र09:30
vबुध10:30
viचन्द्र11:30
viiशनि12:30
viiiगुरु13:30
ixमङ्गल14:30
xसूर्य15:30
xiशुक्र16:30
xiiबुध17:30
xiiiचन्द्र18:30
xivशनि19:30
xvगुरु20:30
xviमङ्गल21:30
xviiसूर्य22:30
xviiiशुक्र23:30
xixबुध00:30
xxचन्द्र01:30
xxiशनि02:30
xxiiगुरु03:30
xxiiiमङ्गल04:30
xxivसूर्य05:30
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iकुम्भ06:3006:50
iiमीन06:5008:29
iiiमेष08:2910:17
ivवृष10:1712:20
vमिथुन12:2014:31
viकर्क14:3116:41
viiसिंह16:4118:43
viiiकन्या18:4320:45
ixतुला20:4522:51
xवृश्चिक22:5101:03
xiधनु01:0303:10
xiiमकर03:1005:04
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
06:3006:50
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कुम्भ · i
06:5008:29
चोर पञ्चकलेन-देन त्यागें
मीन · ii
08:2910:17
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मेष · iii
10:1712:20
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
वृष · iv
12:2014:31
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मिथुन · v
14:3116:41
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कर्क · vi
16:4118:43
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
सिंह · vii
18:4320:45
रोग पञ्चकस्वास्थ्य · चिकित्सा त्यागें
कन्या · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
उत्पात
परिवर्तन11:31
अगला योग
मृत्यु
आडलअनुपस्थित
विडालसक्रिय
तत्त्वजीवनमपृथ्वी
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
दक्षिण
दिशा-शूल
दक्षिण
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पूर्व
नक्षत्रानुसार
राहु वास
उत्तर
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पाताल
शुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
श्मशान
अशुभ
चन्द्र वास
दक्षिण
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
मृत्यु
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
वृषकर्कसिंहवृश्चिकधनुमीन
⊝ अष्टम चन्द्र · तुला राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीकृत्तिकामृगशिराआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीचित्रास्वातिअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठाशतभिषा
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
कुम्भ
समस्त दिवस
नक्षत्र
पूर्वभाद्रपद
2 पाद
देशान्तर
325°15'30"
325.26° सायन
गति
0.9992°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
वृषभ
चन्द्र राशि
नक्षत्र
रोहिणी
4 पाद
गति
11.8128°
प्रति दिवस
देशान्तर
50°51'50"
50.86° सायन
कला — वृद्धिक्रम
46%
शुक्ल पक्ष · शुक्ल अष्टमी
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
शुक्ल
वृद्धिक्रम
मास — पूर्णिमान्त
फाल्गुन
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
फाल्गुन
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
26
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
वसन्त
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
शिशिर
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
उत्तरायण
सायन
वैदिक अयन
उत्तरायण
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2078
आनन्द
शक संवत्
1943
प्लव
गुजराती संवत्
2078
प्रमादी
कलियुग वर्ष
5,123
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,71,183
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°10'26"
24.173759°
जूलियन दिवस
24,59,648
JD
संशोधित JD
59,648
MJD
जूलियन (पुरातन)
25 फरवरी
2022
राष्ट्रीय सिविल
फाल्गुन 19
शक 1943
राष्ट्रीय निरयन
माघ 26
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,38,224
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
सूर्य
राजा
सूर्य
मन्त्री
चन्द्र
सेनाधिपति
मङ्गल
मेघाधिपति
बुध
सस्याधिपति
गुरु
धान्याधिपति
शुक्र
फलाधिपति
शनि
रसाधिपति
चन्द्र
धनाधिपति
सूर्य
निरसाधिपति
मङ्गल
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
शुक्ल अष्टमी
05:35
अगला
शुक्ल नवमी
08:08
+ २
शुक्ल दशमी

नक्षत्र

अब
रोहिणी
11:31
अगला
मृगशिरा
14:37
+ २
आर्द्रा

योग

अब
प्रीति
02:16
अगला
आयुष्मान
03:12
+ २
सौभाग्य

करण

अब
विष्टि
16:15
अगला
बव
05:35
+ २
बालव
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°10'26"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्