ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
धर्मस्थल, कर्नाटक

धर्मस्थल — पंचांग

25 जुलाई 2027, रविवार

सूर्योदय
06:13
सूर्यास्त
18:58
चंद्रोदय
23:14
चंद्रास्त
11:14
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जुलाई 2027 — मासिक पंचांग

पंचक चल रहा है
पंचक काल में शुभ कार्य वर्जित माने जाते हैं

पंचांग — पाँच अंग

तिथि
कृष्ण षष्ठी
09:53 तक
अगली: कृष्ण सप्तमी
प्रगति85%
नक्षत्र
रेवती (1 पाद)
00:00 तक
अगली: अश्विनी
स्वामी: बुध
योग
सुकर्मा
20:01 तक
अगला: धृति
शुभ
करण
वणिज
09:53 तक
अगला: विष्टि
शुभ
वार
रविवार

पंचांग सार

तिथि
कृष्ण षष्ठी· 09:53 तक
कृष्ण सप्तमी
नक्षत्र
रेवती · पद 1· 00:00 तक
अश्विनी
योग
सुकर्मा· 20:01 तक
धृति
करण
वणिज· 09:53 तक
विष्टि
वार
रविवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष

ग्रह स्थिति

सूर्य
राशिकर्क
नक्षत्रपुष्य
पद2
देशांतर97°39'24"
चन्द्रमा
राशिमीन
नक्षत्ररेवती
पद1
देशांतर347°52'56"

राशि

चंद्र राशि
मीन
सूर्य राशि
कर्क

धर्मस्थल — शुभ-अशुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:37 — 05:25
प्रातः सन्ध्या
05:25 — 07:01
सूर्योदय
06:13
अभिजित मुहूर्त
12:11 — 12:59
अमृत कालविशेष
10:59 — 12:35
विजय मुहूर्त
16:25 — 17:16
गोधूलि मुहूर्त
18:34 — 19:22
सूर्यास्त
18:58
सायाह्न सन्ध्या
19:01 — 20:10
निशिता मुहूर्त
00:11 — 00:59
राहु काल
17:22 — 18:58
यमगंड काल
10:59 — 12:35
गुलिक काल
15:46 — 17:22
प्रथम दुर्मुहूर्त
10:59 — 11:47
द्वितीय दुर्मुहूर्त
18:10 — 18:58
चंद्रोदय
23:14
चंद्रास्त
11:14
मध्याह्न
12:35

हिन्दू पंचांग — संवत् एवं मास

चन्द्र माह (पूर्णिमान्त)
भाद्रपद
चन्द्र माह (अमान्त)
श्रावण
पक्ष
कृष्ण पक्ष
विक्रम संवत्
2084
शक संवत्
1949
गुजराती संवत्
2082

नक्षत्र विस्तार

नक्षत्र पद
पद 1
रेवती
नक्षत्र स्वामी
बुध
नक्षत्र देवता
पूषा
सूर्य नक्षत्र
पुष्य
पद 2स्वामी: शनि

ऋतु एवं अयन

वैदिक ऋतु
वर्षा
द्रिक ऋतु
वर्षा
अयन
दक्षिणायन

दिनमान एवं रात्रिमान

दिनमान
12 घण्टे 45 मिनट 00 सेकण्ड
31 घटी 53 पल
रात्रिमान
11 घण्टे 15 मिनट 00 सेकण्ड
28 घटी 8 पल
मध्याह्न (सौर)
12:35
सूर्य का उच्चतम बिन्दु

दिन का चौघड़िया — 25 जुलाई 2027, रविवार

अमृतशुभलाभचरकालउद्वेगरोग
06:1307:48
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
07:4809:24
चर
यात्रा, वाहन चालन
09:2410:59
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
10:5912:35
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
12:3514:11
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
14:1115:46
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
15:4617:22
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
17:2218:58
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें

रात का चौघड़िया

18:5820:22
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
20:2221:46
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
21:4623:11
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
23:1100:35
चर
यात्रा, वाहन चालन
00:3501:59
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
01:5903:24
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
03:2404:48
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
04:4806:13
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य

धर्मस्थल पंचांग — जुलाई 2027

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अन्य शहरों का पंचांग — 25 जुलाई 2027, रविवार

दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराज

धर्मस्थल पंचांग — 25 जुलाई 2027, रविवार

धर्मस्थल (कर्नाटक) के लिए 25 जुलाई 2027, रविवार का सम्पूर्ण हिन्दू पंचांग यहाँ प्रस्तुत है। पंचांग के पाँच अंग — तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार — के साथ-साथ सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय, राहु काल, यमगंड काल, गुलिक काल, ब्रह्म मुहूर्त, अभिजित मुहूर्त और चौघड़िया की सटीक जानकारी दी गई है।

यह पंचांग धर्मस्थल के अक्षांश-देशांतर के अनुसार खगोलीय गणना पर आधारित है, जिससे सूर्योदय और अन्य समय स्थानीय रूप से सटीक हैं। किसी भी शुभ कार्य, पूजा, व्रत या मुहूर्त के लिए अपने शहर का पंचांग अवश्य देखें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

धर्मस्थल में 25 जुलाई 2027, रविवार को सूर्योदय कब है?

धर्मस्थल में 25 जुलाई 2027, रविवार को सूर्योदय 06:13 बजे और सूर्यास्त 18:58 बजे है। ये समय खगोलीय गणना के आधार पर सटीक हैं।

धर्मस्थल में 25 जुलाई 2027, रविवार को राहु काल कब है?

धर्मस्थल में 25 जुलाई 2027, रविवार को राहु काल 17:22 से 18:58 तक है। इस समय नए कार्य प्रारंभ न करें।

धर्मस्थल में 25 जुलाई 2027, रविवार को तिथि क्या है?

धर्मस्थल में 25 जुलाई 2027, रविवार को कृष्ण षष्ठी तिथि है।

पंचांग के पाँच अंग कौन से हैं?

पंचांग के पाँच अंग हैं — तिथि (चंद्र दिन), नक्षत्र (चंद्र मंडल), योग (सूर्य-चंद्र संयोग), करण (अर्ध-तिथि) और वार (सप्ताह का दिन)। ये पाँचों मिलकर किसी भी दिन की शुभता निर्धारित करते हैं।

अभिजित मुहूर्त किसे कहते हैं?

अभिजित मुहूर्त दिन का सबसे शुभ समय है, जो सौर मध्याह्न (solar noon) के आसपास 48 मिनट का होता है। बृहत्संहिता के अनुसार यह दिन का आठवाँ मुहूर्त है।