ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
धर्मस्थल, कर्नाटक

धर्मस्थल — पंचांग

28 सितंबर 2027, मंगलवार

सूर्योदय
06:18
सूर्यास्त
18:21
चंद्रोदय
04:21
चंद्रास्त
16:56
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सितंबर 2027 — मासिक पंचांग

पंचांग — पाँच अंग

तिथि
कृष्ण त्रयोदशी
13:55 तक
अगली: कृष्ण चतुर्दशी
प्रगति64%
नक्षत्र
मघा (4 पाद)
08:20 तक
अगली: पूर्व फाल्गुनी
स्वामी: केतु
योग
साध्य
07:31 तक
अगला: शुभ
शुभ
करण
वणिज
00:00 तक
अगला: विष्टि
शुभ
वार
मंगलवार

पंचांग सार

तिथि
कृष्ण त्रयोदशी· 13:55 तक
कृष्ण चतुर्दशी
नक्षत्र
मघा · पद 4· 08:20 तक
पूर्व फाल्गुनी
योग
साध्य· 07:31 तक
शुभ
करण
वणिज· 00:00 तक
विष्टि
वार
मंगलवार
पक्ष
कृष्ण पक्ष

ग्रह स्थिति

सूर्य
राशिकन्या
नक्षत्रहस्त
पद1
देशांतर160°26'43"
चन्द्रमा
राशिसिंह
नक्षत्रमघा
पद4
देशांतर132°04'42"

राशि

चंद्र राशि
सिंह
सूर्य राशि
कन्या

धर्मस्थल — शुभ-अशुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:42 — 05:30
प्रातः सन्ध्या
05:30 — 07:06
सूर्योदय
06:18
अभिजित मुहूर्त
11:55 — 12:43
अमृत कालविशेष
12:19 — 13:50
विजय मुहूर्त
15:56 — 16:44
गोधूलि मुहूर्त
17:57 — 18:45
सूर्यास्त
18:21
सायाह्न सन्ध्या
18:24 — 19:33
निशिता मुहूर्त
23:55 — 00:43
राहु काल
15:20 — 16:50
यमगंड काल
07:48 — 09:18
गुलिक काल
12:19 — 13:50
प्रथम दुर्मुहूर्त
10:04 — 10:49
द्वितीय दुर्मुहूर्त
13:50 — 14:35
चंद्रोदय
04:21
चंद्रास्त
16:56
मध्याह्न
12:19

हिन्दू पंचांग — संवत् एवं मास

चन्द्र माह (पूर्णिमान्त)
कार्तिक
चन्द्र माह (अमान्त)
आश्विन
पक्ष
कृष्ण पक्ष
विक्रम संवत्
2084
शक संवत्
1949
गुजराती संवत्
2082

नक्षत्र विस्तार

नक्षत्र पद
पद 4
मघा
नक्षत्र स्वामी
केतु
नक्षत्र देवता
पितृगण
सूर्य नक्षत्र
हस्त
पद 1स्वामी: चंद्र

ऋतु एवं अयन

वैदिक ऋतु
शरद
द्रिक ऋतु
शरद
अयन
दक्षिणायन

दिनमान एवं रात्रिमान

दिनमान
12 घण्टे 03 मिनट 03 सेकण्ड
30 घटी 8 पल
रात्रिमान
11 घण्टे 56 मिनट 57 सेकण्ड
29 घटी 52 पल
मध्याह्न (सौर)
12:19
सूर्य का उच्चतम बिन्दु

दिन का चौघड़िया — 28 सितंबर 2027, मंगलवार

अमृतशुभलाभचरकालउद्वेगरोग
06:1807:48
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
07:4809:18
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
09:1810:49
चर
यात्रा, वाहन चालन
10:4912:19
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
12:1913:50
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
13:5015:20
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
15:2016:50
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
16:5018:21
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें

रात का चौघड़िया

18:2119:50
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें
19:5021:20
शुभ
विवाह, गृह प्रवेश, मांगलिक कार्य
21:2022:50
रोग
स्वास्थ्य निर्णय टालें
22:5000:19
उद्वेग
नया काम प्रारंभ न करें
00:1901:49
चर
यात्रा, वाहन चालन
01:4903:18
लाभ
व्यापार, धन लेनदेन, नौकरी
03:1804:48
अमृत
सभी शुभ कार्य, पूजा, विवाह
04:4806:18
काल
महत्वपूर्ण निर्णय टालें

धर्मस्थल पंचांग — सितंबर 2027

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अन्य शहरों का पंचांग — 28 सितंबर 2027, मंगलवार

दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराज

धर्मस्थल पंचांग — 28 सितंबर 2027, मंगलवार

धर्मस्थल (कर्नाटक) के लिए 28 सितंबर 2027, मंगलवार का सम्पूर्ण हिन्दू पंचांग यहाँ प्रस्तुत है। पंचांग के पाँच अंग — तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार — के साथ-साथ सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय, राहु काल, यमगंड काल, गुलिक काल, ब्रह्म मुहूर्त, अभिजित मुहूर्त और चौघड़िया की सटीक जानकारी दी गई है।

यह पंचांग धर्मस्थल के अक्षांश-देशांतर के अनुसार खगोलीय गणना पर आधारित है, जिससे सूर्योदय और अन्य समय स्थानीय रूप से सटीक हैं। किसी भी शुभ कार्य, पूजा, व्रत या मुहूर्त के लिए अपने शहर का पंचांग अवश्य देखें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

धर्मस्थल में 28 सितंबर 2027, मंगलवार को सूर्योदय कब है?

धर्मस्थल में 28 सितंबर 2027, मंगलवार को सूर्योदय 06:18 बजे और सूर्यास्त 18:21 बजे है। ये समय खगोलीय गणना के आधार पर सटीक हैं।

धर्मस्थल में 28 सितंबर 2027, मंगलवार को राहु काल कब है?

धर्मस्थल में 28 सितंबर 2027, मंगलवार को राहु काल 15:20 से 16:50 तक है। इस समय नए कार्य प्रारंभ न करें।

धर्मस्थल में 28 सितंबर 2027, मंगलवार को तिथि क्या है?

धर्मस्थल में 28 सितंबर 2027, मंगलवार को कृष्ण त्रयोदशी तिथि है।

पंचांग के पाँच अंग कौन से हैं?

पंचांग के पाँच अंग हैं — तिथि (चंद्र दिन), नक्षत्र (चंद्र मंडल), योग (सूर्य-चंद्र संयोग), करण (अर्ध-तिथि) और वार (सप्ताह का दिन)। ये पाँचों मिलकर किसी भी दिन की शुभता निर्धारित करते हैं।

अभिजित मुहूर्त किसे कहते हैं?

अभिजित मुहूर्त दिन का सबसे शुभ समय है, जो सौर मध्याह्न (solar noon) के आसपास 48 मिनट का होता है। बृहत्संहिता के अनुसार यह दिन का आठवाँ मुहूर्त है।