ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
29°56'45"N · 78°09'51"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
बुधवार — पञ्चाङ्ग गणना

1.6जून 2022

बुधवार · 1 जून 2022
बुध वार·शुक्ल पक्ष·ज्येष्ठ मास·संवत् 2079 राक्षस
हरिद्वार
उत्तराखंड
29°56'45"N  78°09'51"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
द्वितीयाशुक्ल पक्ष
21:47 तक
ii.
नक्षत्र
मृगशिरा3 पाद
13:01 तक
iii.
योग
शूलअशुभ
01:36 तक
iv.
करण
बालव
08:32 तक
v.
वार
बुधवारबुध स्वामी
सूर्योदय 05:17

सूर्य आर्क

दिनमान · 13 घण्टे 57 मिनट
05:17सूर्योदय19:14सूर्यास्त12:15
अरुणोदय
03:41
मध्याह्न
12:15
दिनमान
13:57
प्रातः सन्धि
04:17

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 10 घण्टे 03 मिनट
06:26चन्द्रोदय21:01चन्द्रास्तकला ~2%
रात्रिमान
10:03
निशीथ
23:55
गोधूलि
19:11
कला
2%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
03:56 — 04:37
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
14:35 — 15:30
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
19:11 — 19:34
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
23:55 — 00:35
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
04:17 — 05:17
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
19:14 — 20:14
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
04:49 — 06:37
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
07:02 — 08:46
विशेष योग · आज सक्रिय
+
सर्वार्थ सिद्धिसिद्धिदायक
समस्त दिवस
+
आनन्दादि — अमृतशुभ
13:01 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
12:15 — 14:00
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
07:02 — 08:46
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
10:31 — 12:15
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
22:30 — 00:18
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलअनुपस्थित
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिलाभअमृतकालशुभरोगउद्वेगचरलाभउद्वेगशुभअमृतचररोगकाललाभउद्वेग
वर्तमान
.
लाभ
05:17 — 07:02
दिन05:1719:14
1लाभबुध05:1707:02
2अमृतचंद्र07:0208:46
3कालशनि08:4610:31
4शुभबृहस्पति10:3112:15
5रोगमंगल12:1514:00
6उद्वेगसूर्य14:0015:44
7चरशुक्र15:4417:29
8लाभबुध17:2919:14
रात्रि19:14 → अगला सूर्योदय
1उद्वेगसूर्य19:1420:29
2शुभबृहस्पति20:2921:44
3अमृतचंद्र21:4423:00
4चरशुक्र23:0000:15
5रोगमंगल00:1501:31
6कालशनि01:3102:46
7लाभबुध02:4604:01
8उद्वेगसूर्य04:0105:17
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
बुध
05:17 — 06:27
iबुध05:17
iiचन्द्र06:27
iiiशनि07:36
ivगुरु08:46
vमङ्गल09:56
viसूर्य11:06
viiशुक्र12:15
viiiबुध13:25
ixचन्द्र14:35
xशनि15:44
xiगुरु16:54
xiiमङ्गल18:04
xiiiसूर्य19:14
xivशुक्र20:04
xvबुध20:54
xviचन्द्र21:44
xviiशनि22:35
xviiiगुरु23:25
xixमङ्गल00:15
xxसूर्य01:05
xxiशुक्र01:56
xxiiबुध02:46
xxiiiचन्द्र03:36
xxivशनि04:27
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iवृष05:1606:16
iiमिथुन06:1608:31
iiiकर्क08:3110:52
ivसिंह10:5213:11
vकन्या13:1115:29
viतुला15:2917:49
viiवृश्चिक17:4920:09
viiiधनु20:0922:12
ixमकर22:1223:54
xकुम्भ23:5401:20
xiमीन01:2002:43
xiiमेष02:4304:17
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
05:1606:16
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृष · i
06:1608:31
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मिथुन · ii
08:3110:52
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कर्क · iii
10:5213:11
रोग पञ्चकस्वास्थ्य · चिकित्सा त्यागें
सिंह · iv
13:1115:29
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कन्या · v
15:2917:49
राज पञ्चकयात्रा · वाद-विवाद त्यागें
तुला · vi
17:4920:09
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृश्चिक · vii
20:0922:12
अग्नि पञ्चकअग्नि कार्य त्यागें
धनु · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
अमृत
परिवर्तन13:01
अगला योग
मुसल
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमपृथ्वी
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
उत्तर
दिशा-शूल
उत्तर
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पूर्व
नक्षत्रानुसार
राहु वास
नैऋत्य
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पाताल
शुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
गौरी
शुभ
चन्द्र वास
पश्चिम
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
मृत्यु
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
⊝ अष्टम चन्द्र · वृश्चिक राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
भरणीरोहिणीआर्द्रापुनर्वसुआश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातिविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषापूर्वभाद्रपद
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
वृषभ
समस्त दिवस
नक्षत्र
रोहिणी
2 पाद
देशान्तर
46°19'32"
46.33° सायन
गति
0.9588°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
मिथुन
चन्द्र राशि
नक्षत्र
मृगशिरा
3 पाद
गति
11.8302°
प्रति दिवस
देशान्तर
62°50'50"
62.85° सायन
कला — वृद्धिक्रम
2%
शुक्ल पक्ष · शुक्ल द्वितीया
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
शुक्ल
वृद्धिक्रम
मास — पूर्णिमान्त
ज्येष्ठ
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
ज्येष्ठ
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
17
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
ग्रीष्म
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
ग्रीष्म
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
उत्तरायण
सायन
वैदिक अयन
उत्तरायण
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2079
राक्षस
शक संवत्
1944
शुभकृत
गुजराती संवत्
2078
प्रमादी
कलियुग वर्ष
5,123
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,71,266
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°10'37"
24.176931°
जूलियन दिवस
24,59,731
JD
संशोधित JD
59,731
MJD
जूलियन (पुरातन)
19 मई
2022
राष्ट्रीय सिविल
ज्येष्ठ 11
शक 1944
राष्ट्रीय निरयन
वैशाख 17
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,38,307
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
सूर्य
राजा
सूर्य
मन्त्री
चन्द्र
सेनाधिपति
मङ्गल
मेघाधिपति
बुध
सस्याधिपति
गुरु
धान्याधिपति
शुक्र
फलाधिपति
शनि
रसाधिपति
चन्द्र
धनाधिपति
सूर्य
निरसाधिपति
मङ्गल
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
शुक्ल द्वितीया
21:47
अगला
शुक्ल तृतीया
00:17
+ २
शुक्ल चतुर्थी

नक्षत्र

अब
मृगशिरा
13:01
अगला
आर्द्रा
16:05
+ २
पुनर्वसु

योग

अब
शूल
01:36
अगला
गंड
02:38
+ २
वृद्धि

करण

अब
बालव
08:32
अगला
कौलव
21:47
+ २
तैतिल
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°10'37"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्