ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
26°54'45"N · 75°47'14"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
शनिवार — पञ्चाङ्ग गणना

6.12दिसंबर 2025

शनिवार · 6 दिसंबर 2025
शनि वार·कृष्ण पक्ष·पौष मास·संवत् 2082 काललुक्त
जयपुर
राजस्थान
26°54'45"N  75°47'14"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
द्वितीयाकृष्ण पक्ष
21:26 तक
ii.
नक्षत्र
मृगशिरा4 पाद
08:49 तक
iii.
योग
शुभशुभ
23:47 तक
iv.
करण
तैतिल
11:08 तक
v.
वार
शनिवारशनि स्वामी
सूर्योदय 07:02

सूर्य आर्क

दिनमान · 10 घण्टे 31 मिनट
07:02सूर्योदय17:33सूर्यास्त12:18
अरुणोदय
05:26
मध्याह्न
12:18
दिनमान
10:31
प्रातः सन्धि
05:41

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 13 घण्टे 29 मिनट
19:00चन्द्रोदय08:27चन्द्रास्तकला ~98%
रात्रिमान
13:29
निशीथ
23:51
गोधूलि
17:32
कला
98%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
11:57 — 12:39
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
05:15 — 06:09
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
14:03 — 14:45
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:32 — 18:00
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
23:51 — 00:45
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
05:41 — 07:02
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
17:33 — 18:54
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
21:19 — 22:44
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
14:56 — 16:15
विशेष योग · आज सक्रिय
+
द्विपुष्कर योगद्विगुण लाभदायक
समस्त दिवस
+
आनन्दादि — मुद्गरअशुभ
08:49 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
09:40 — 10:59
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
13:37 — 14:56
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
07:02 — 08:21
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
16:19 — 17:45
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलअनुपस्थित
अस्त — शुक्रसूर्य से 7.61° दहन
सक्रिय
अस्त — मङ्गलसूर्य से 8.89° दहन
सक्रिय
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिकालशुभरोगउद्वेगचरलाभअमृतकाललाभउद्वेगशुभअमृतचररोगकाललाभ
वर्तमान
.
काल
07:02 — 08:21
दिन07:0217:33
1कालशनि07:0208:21
2शुभबृहस्पति08:2109:40
3रोगमंगल09:4010:59
4उद्वेगसूर्य10:5912:18
5चरशुक्र12:1813:37
6लाभबुध13:3714:56
7अमृतचंद्र14:5616:15
8कालशनि16:1517:33
रात्रि17:33 → अगला सूर्योदय
1लाभबुध17:3319:15
2उद्वेगसूर्य19:1520:56
3शुभबृहस्पति20:5622:37
4अमृतचंद्र22:3700:18
5चरशुक्र00:1801:59
6रोगमंगल01:5903:41
7कालशनि03:4105:22
8लाभबुध05:2207:03
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
शनि
07:02 — 07:55
iशनि07:02
iiगुरु07:55
iiiमङ्गल08:47
ivसूर्य09:40
vशुक्र10:33
viबुध11:25
viiचन्द्र12:18
viiiशनि13:10
ixगुरु14:03
xमङ्गल14:56
xiसूर्य15:48
xiiशुक्र16:41
xiiiबुध17:33
xivचन्द्र18:41
xvशनि19:48
xviगुरु20:56
xviiमङ्गल22:03
xviiiसूर्य23:11
xixशुक्र00:18
xxबुध01:26
xxiचन्द्र02:33
xxiiशनि03:41
xxiiiगुरु04:48
xxivमङ्गल05:55
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iवृश्चिक07:0207:52
iiधनु07:5209:56
iiiमकर09:5611:40
ivकुम्भ11:4013:09
vमीन13:0914:36
viमेष14:3616:13
viiवृष16:1318:09
viiiमिथुन18:0920:24
ixकर्क20:2422:42
xसिंह22:4200:58
xiकन्या00:5803:12
xiiतुला03:1205:30
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
07:0207:52
रोग पञ्चकस्वास्थ्य · चिकित्सा त्यागें
वृश्चिक · i
07:5209:56
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
धनु · ii
09:5611:40
राज पञ्चकयात्रा · वाद-विवाद त्यागें
मकर · iii
11:4013:09
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कुम्भ · iv
13:0914:36
अग्नि पञ्चकअग्नि कार्य त्यागें
मीन · v
14:3616:13
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मेष · vi
16:1318:09
चोर पञ्चकलेन-देन त्यागें
वृष · vii
18:0920:24
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मिथुन · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
मुद्गर
परिवर्तन08:49
अगला योग
छत्र
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमपृथ्वी
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
पूर्व
दिशा-शूल
पूर्व
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पूर्व
नक्षत्रानुसार
राहु वास
नैऋत्य
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पाताल
शुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
सभा
अशुभ
चन्द्र वास
पश्चिम
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
हानि
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
⊝ अष्टम चन्द्र · वृश्चिक राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
भरणीरोहिणीआर्द्रापुनर्वसुआश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातिविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषापूर्वभाद्रपद
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
वृश्चिक
समस्त दिवस
नक्षत्र
ज्येष्ठा
1 पाद
देशान्तर
229°56'52"
229.95° सायन
गति
1.0147°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
मिथुन
चन्द्र राशि
नक्षत्र
मृगशिरा
4 पाद
गति
14.9503°
प्रति दिवस
देशान्तर
65°32'36"
65.54° सायन
कला — क्षयक्रम
98%
कृष्ण पक्ष · कृष्ण द्वितीया
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
कृष्ण
क्षयक्रम
मास — पूर्णिमान्त
पौष
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
मार्गशीर्ष
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
20
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
हेमन्त
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
हेमन्त
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
दक्षिणायन
सायन
वैदिक अयन
दक्षिणायन
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2082
काललुक्त
शक संवत्
1947
विश्वावसु
गुजराती संवत्
2082
पिंगल
कलियुग वर्ष
5,126
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,72,550
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°13'34"
24.226041°
जूलियन दिवस
24,61,015
JD
संशोधित JD
61,015
MJD
जूलियन (पुरातन)
23 नवंबर
2025
राष्ट्रीय सिविल
अग्रहायण 15
शक 1947
राष्ट्रीय निरयन
कार्तिक 20
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,39,591
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
सूर्य
राजा
सूर्य
मन्त्री
चन्द्र
सेनाधिपति
मङ्गल
मेघाधिपति
बुध
सस्याधिपति
गुरु
धान्याधिपति
शुक्र
फलाधिपति
शनि
रसाधिपति
चन्द्र
धनाधिपति
सूर्य
निरसाधिपति
मङ्गल
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
कृष्ण द्वितीया
21:26
अगला
कृष्ण तृतीया
18:25
+ २
कृष्ण चतुर्थी

नक्षत्र

अब
मृगशिरा
08:49
अगला
आर्द्रा
06:14
+ २
पुनर्वसु

योग

अब
शुभ
23:47
अगला
शुक्ल
20:08
+ २
ब्रह्म

करण

अब
तैतिल
11:08
अगला
गर
21:26
+ २
वणिज
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°13'34"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्