ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
26°54'45"N · 75°47'14"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
बुधवार — पञ्चाङ्ग गणना

11.11नवंबर 2026

बुधवार · 11 नवंबर 2026
बुध वार·शुक्ल पक्ष·कार्तिक मास·संवत् 2083 सिद्धार्थी
जयपुर
राजस्थान
26°54'45"N  75°47'14"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
द्वितीयाशुक्ल पक्ष
15:54 तक
ii.
नक्षत्र
अनुराधा4 पाद
11:39 तक
iii.
योग
अतिगंडअशुभ
03:41 तक
iv.
करण
कौलव
15:54 तक
v.
वार
बुधवारबुध स्वामी
सूर्योदय 06:43

सूर्य आर्क

दिनमान · 10 घण्टे 55 मिनट
06:43सूर्योदय17:38सूर्यास्त12:11
अरुणोदय
05:07
मध्याह्न
12:11
दिनमान
10:55
प्रातः सन्धि
05:25

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 13 घण्टे 06 मिनट
08:37चन्द्रोदय18:49चन्द्रास्तकला ~3%
रात्रिमान
13:06
निशीथ
23:45
गोधूलि
17:36
कला
3%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
04:59 — 05:52
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
14:00 — 14:43
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:36 — 18:04
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
23:45 — 00:37
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
05:25 — 06:43
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
17:38 — 18:57
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
04:33 — 06:19
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
08:05 — 09:27
विशेष योग · आज सक्रिय
+
सर्वार्थ सिद्धिसिद्धिदायक
समस्त दिवस
+
आनन्दादि — सौम्यशुभ
11:39 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
12:11 — 13:33
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
08:05 — 09:27
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
10:49 — 12:11
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
17:53 — 19:39
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलसक्रिय
सक्रिय
विडाल योगक्षीणकारी
सक्रिय
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिलाभअमृतकालशुभरोगउद्वेगचरलाभउद्वेगशुभअमृतचररोगकाललाभउद्वेग
वर्तमान
XV.
लाभ
03:28 — 05:06
दिन06:4317:38
1लाभबुध06:4308:05
2अमृतचंद्र08:0509:27
3कालशनि09:2710:49
4शुभबृहस्पति10:4912:11
5रोगमंगल12:1113:33
6उद्वेगसूर्य13:3314:54
7चरशुक्र14:5416:16
8लाभबुध16:1617:38
रात्रि17:38 → अगला सूर्योदय
1उद्वेगसूर्य17:3819:16
2शुभबृहस्पति19:1620:55
3अमृतचंद्र20:5522:33
4चरशुक्र22:3300:11
5रोगमंगल00:1101:49
6कालशनि01:4903:28
7लाभबुध03:2805:06
8उद्वेगसूर्य05:0606:44
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
बुध
03:28 — 04:33
iबुध06:43
iiचन्द्र07:38
iiiशनि08:32
ivगुरु09:27
vमङ्गल10:22
viसूर्य11:16
viiशुक्र12:11
viiiबुध13:05
ixचन्द्र14:00
xशनि14:54
xiगुरु15:49
xiiमङ्गल16:43
xiiiसूर्य17:38
xivशुक्र18:43
xvबुध19:49
xviचन्द्र20:55
xviiशनि22:00
xviiiगुरु23:06
xixमङ्गल00:11
xxसूर्य01:17
xxiशुक्र02:22
xxiiबुध03:28
xxiiiचन्द्र04:33
xxivशनि05:39
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
VI.
कन्या
iतुला06:4307:13
iiवृश्चिक07:1309:31
iiiधनु09:3111:35
ivमकर11:3513:19
vकुम्भ13:1914:48
viमीन14:4816:15
viiमेष16:1517:52
viiiवृष17:5219:48
ixमिथुन19:4822:03
xकर्क22:0300:22
xiसिंह00:2202:37
xiiकन्या02:3704:52
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
06:4307:13
राज पञ्चकयात्रा · वाद-विवाद त्यागें
तुला · i
07:1309:31
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृश्चिक · ii
09:3111:35
अग्नि पञ्चकअग्नि कार्य त्यागें
धनु · iii
11:3513:19
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मकर · iv
13:1914:48
चोर पञ्चकलेन-देन त्यागें
कुम्भ · v
14:4816:15
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मीन · vi
16:1517:52
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
मेष · vii
17:5219:48
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृष · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
सौम्य
परिवर्तन11:39
अगला योग
ध्वांक्ष
आडलअनुपस्थित
विडालसक्रिय
तत्त्वजीवनमजल
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
उत्तर
दिशा-शूल
उत्तर
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पश्चिम
नक्षत्रानुसार
राहु वास
नैऋत्य
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पाताल
शुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
गौरी
शुभ
चन्द्र वास
उत्तर
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
मृत्यु
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
वृषमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
⊝ अष्टम चन्द्र · मेष राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुआश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपद
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
तुला
समस्त दिवस
नक्षत्र
विशाखा
2 पाद
देशान्तर
204°25'03"
204.42° सायन
गति
1.0057°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
वृश्चिक
चन्द्र राशि
नक्षत्र
अनुराधा
4 पाद
गति
12.0297°
प्रति दिवस
देशान्तर
224°11'12"
224.19° सायन
कला — वृद्धिक्रम
3%
शुक्ल पक्ष · शुक्ल द्वितीया
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
शुक्ल
वृद्धिक्रम
मास — पूर्णिमान्त
कार्तिक
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
कार्तिक
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
25
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
हेमन्त
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
शरद
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
दक्षिणायन
सायन
वैदिक अयन
दक्षिणायन
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2083
सिद्धार्थी
शक संवत्
1948
पराभव
गुजराती संवत्
2083
काललुक्त
कलियुग वर्ष
5,127
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,72,890
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°14'21"
24.239043°
जूलियन दिवस
24,61,355
JD
संशोधित JD
61,355
MJD
जूलियन (पुरातन)
29 अक्टूबर
2026
राष्ट्रीय सिविल
कार्तिक 20
शक 1948
राष्ट्रीय निरयन
आश्विन 25
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,39,931
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
शनि
राजा
शनि
मन्त्री
शुक्र
सेनाधिपति
मङ्गल
मेघाधिपति
चन्द्र
सस्याधिपति
गुरु
धान्याधिपति
बुध
फलाधिपति
शनि
रसाधिपति
शुक्र
धनाधिपति
सूर्य
निरसाधिपति
मङ्गल
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
शुक्ल द्वितीया
15:54
अगला
शुक्ल तृतीया
18:09
+ २
शुक्ल चतुर्थी

नक्षत्र

अब
अनुराधा
11:39
अगला
ज्येष्ठा
14:20
+ २
मूल

योग

अब
अतिगंड
03:41
अगला
सुकर्मा
04:27
+ २
धृति

करण

अब
कौलव
15:54
अगला
तैतिल
04:59
+ २
गर
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°14'21"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्