ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
22°34'21"N · 88°21'50"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
मंगलवार — पञ्चाङ्ग गणना

3.12दिसंबर 2013

मंगलवार · 3 दिसंबर 2013
मङ्गल वार·शुक्ल पक्ष·मार्गशीर्ष मास·संवत् 2070 पराभव
कोलकाता
पश्चिम बंगाल
22°34'21"N  88°21'50"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
प्रतिपदाशुक्ल पक्ष
02:32 तक
ii.
नक्षत्र
ज्येष्ठा1 पाद
02:50 तक
iii.
योग
धृतिशुभ
01:06 तक
iv.
करण
किंस्तुघ्न
16:14 तक
v.
वार
मंगलवारमङ्गल स्वामी
सूर्योदय 06:01

सूर्य आर्क

दिनमान · 10 घण्टे 50 मिनट
06:01सूर्योदय16:51सूर्यास्त11:26
अरुणोदय
04:25
मध्याह्न
11:26
दिनमान
10:50
प्रातः सन्धि
04:42

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 13 घण्टे 10 मिनट
06:06चन्द्रोदय17:17चन्द्रास्तकला ~0%
रात्रिमान
13:10
निशीथ
23:00
गोधूलि
16:50
कला
0%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
11:05 — 11:48
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
04:16 — 05:09
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
13:15 — 13:58
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
16:50 — 17:18
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
23:00 — 23:53
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
04:42 — 06:01
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
16:51 — 18:10
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
19:00 — 20:25
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
11:26 — 12:48
विशेष योग · आज सक्रिय
+
आनन्दादि — मुद्गरअशुभ
02:50 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
14:09 — 15:30
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
08:44 — 10:05
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
11:26 — 12:48
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
10:26 — 11:52
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलसक्रिय
सक्रिय
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिरोगउद्वेगचरलाभअमृतकालशुभरोगकाललाभउद्वेगशुभअमृतचररोगकाल
वर्तमान
.
रोग
06:01 — 07:22
दिन06:0116:51
1रोगमंगल06:0107:22
2उद्वेगसूर्य07:2208:44
3चरशुक्र08:4410:05
4लाभबुध10:0511:26
5अमृतचंद्र11:2612:48
6कालशनि12:4814:09
7शुभबृहस्पति14:0915:30
8रोगमंगल15:3016:51
रात्रि16:51 → अगला सूर्योदय
1कालशनि16:5118:30
2लाभबुध18:3020:09
3उद्वेगसूर्य20:0921:48
4शुभबृहस्पति21:4823:27
5अमृतचंद्र23:2701:05
6चरशुक्र01:0502:44
7रोगमंगल02:4404:23
8कालशनि04:2306:02
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
मङ्गल
06:01 — 06:55
iमङ्गल06:01
iiसूर्य06:55
iiiशुक्र07:49
ivबुध08:44
vचन्द्र09:38
viशनि10:32
viiगुरु11:26
viiiमङ्गल12:20
ixसूर्य13:15
xशुक्र14:09
xiबुध15:03
xiiचन्द्र15:57
xiiiशनि16:51
xivगुरु17:57
xvमङ्गल19:03
xviसूर्य20:09
xviiशुक्र21:15
xviiiबुध22:21
xixचन्द्र23:27
xxशनि00:32
xxiगुरु01:38
xxiiमङ्गल02:44
xxiiiसूर्य03:50
xxivशुक्र04:56
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iवृश्चिक06:0107:04
iiधनु07:0409:09
iiiमकर09:0910:56
ivकुम्भ10:5612:30
vमीन12:3014:01
viमेष14:0115:42
viiवृष15:4217:40
viiiमिथुन17:4019:53
ixकर्क19:5322:09
xसिंह22:0900:20
xiकन्या00:2002:30
xiiतुला02:3004:44
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
06:0107:04
अग्नि पञ्चकअग्नि कार्य त्यागें
वृश्चिक · i
07:0409:09
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
धनु · ii
09:0910:56
चोर पञ्चकलेन-देन त्यागें
मकर · iii
10:5612:30
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कुम्भ · iv
12:3014:01
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
मीन · v
14:0115:42
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मेष · vi
15:4217:40
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृष · vii
17:4019:53
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मिथुन · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
मुद्गर
परिवर्तन02:50
अगला योग
छत्र
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमजल
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
उत्तर
दिशा-शूल
उत्तर
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
उत्तर
नक्षत्रानुसार
राहु वास
वायव्य
तिथि-आधारित
अग्नि वास
आकाश
अशुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
श्मशान
अशुभ
चन्द्र वास
उत्तर
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
मृत्यु
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
वृषमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
⊝ अष्टम चन्द्र · मेष राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातिअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषा
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
वृश्चिक
समस्त दिवस
नक्षत्र
ज्येष्ठा
1 पाद
देशान्तर
226°56'22"
226.94° सायन
गति
1.0147°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
वृश्चिक
चन्द्र राशि
नक्षत्र
ज्येष्ठा
1 पाद
गति
14.9672°
प्रति दिवस
देशान्तर
227°01'26"
227.02° सायन
कला — वृद्धिक्रम
0%
शुक्ल पक्ष · शुक्ल प्रतिपदा
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
शुक्ल
वृद्धिक्रम
मास — पूर्णिमान्त
मार्गशीर्ष
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
मार्गशीर्ष
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
17
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
हेमन्त
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
हेमन्त
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
दक्षिणायन
सायन
वैदिक अयन
दक्षिणायन
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2070
पराभव
शक संवत्
1935
विजय
गुजराती संवत्
2070
विश्वावसु
कलियुग वर्ष
5,114
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,68,164
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°03'30"
24.058297°
जूलियन दिवस
24,56,629
JD
संशोधित JD
56,629
MJD
जूलियन (पुरातन)
20 नवंबर
2013
राष्ट्रीय सिविल
अग्रहायण 12
शक 1935
राष्ट्रीय निरयन
कार्तिक 17
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,35,205
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
शनि
राजा
शनि
मन्त्री
सूर्य
सेनाधिपति
चन्द्र
मेघाधिपति
मङ्गल
सस्याधिपति
बुध
धान्याधिपति
गुरु
फलाधिपति
शुक्र
रसाधिपति
सूर्य
धनाधिपति
शनि
निरसाधिपति
चन्द्र
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
शुक्ल प्रतिपदा
02:32
अगला
शुक्ल द्वितीया
23:03
+ २
शुक्ल तृतीया

नक्षत्र

अब
ज्येष्ठा
02:50
अगला
मूल
00:06
+ २
पूर्वाषाढ़ा

योग

अब
धृति
01:06
अगला
शूल
21:03
+ २
गंड

करण

अब
किंस्तुघ्न
16:14
अगला
बव
02:32
+ २
बालव
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°03'30"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्