ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
22°34'21"N · 88°21'50"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
शुक्रवार — पञ्चाङ्ग गणना

13.2फरवरी 2015

शुक्रवार · 13 फरवरी 2015
शुक्र वार·कृष्ण पक्ष·फाल्गुन मास·संवत् 2071 प्लवंग
कोलकाता
पश्चिम बंगाल
22°34'21"N  88°21'50"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
नवमीकृष्ण पक्ष
21:21 तक
ii.
नक्षत्र
अनुराधा3 पाद
17:58 तक
iii.
योग
व्याघातअशुभ
04:25 तक
iv.
करण
तैतिल
09:33 तक
v.
वार
शुक्रवारशुक्र स्वामी
सूर्योदय 06:10

सूर्य आर्क

दिनमान · 11 घण्टे 22 मिनट
06:10सूर्योदय17:32सूर्यास्त11:51
अरुणोदय
04:34
मध्याह्न
11:51
दिनमान
11:22
प्रातः सन्धि
04:54

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 12 घण्टे 38 मिनट
01:34, 14 फरचन्द्रोदय11:55चन्द्रास्तकला ~41%
रात्रिमान
12:38
निशीथ
23:25
गोधूलि
17:30
कला
41%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
11:28 — 12:14
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
04:28 — 05:19
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
13:44 — 14:30
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:30 — 17:57
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
23:25 — 00:16
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
04:54 — 06:10
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
17:32 — 18:48
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
07:20 — 08:59
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
09:00 — 10:26
विशेष योग · आज सक्रिय
+
सर्वार्थ सिद्धिसिद्धिदायक
समस्त दिवस
+
आनन्दादि — राक्षसअशुभ
17:58 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
10:26 — 11:51
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
14:41 — 16:07
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
07:35 — 09:00
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
23:30 — 01:04
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलसक्रिय
सक्रिय
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिचरलाभअमृतकालशुभरोगउद्वेगचररोगकाललाभउद्वेगशुभअमृतचररोग
वर्तमान
.
चर
06:10 — 07:35
दिन06:1017:32
1चरशुक्र06:1007:35
2लाभबुध07:3509:00
3अमृतचंद्र09:0010:26
4कालशनि10:2611:51
5शुभबृहस्पति11:5113:16
6रोगमंगल13:1614:41
7उद्वेगसूर्य14:4116:07
8चरशुक्र16:0717:32
रात्रि17:32 → अगला सूर्योदय
1रोगमंगल17:3219:06
2कालशनि19:0620:41
3लाभबुध20:4122:16
4उद्वेगसूर्य22:1623:51
5शुभबृहस्पति23:5101:25
6अमृतचंद्र01:2503:00
7चरशुक्र03:0004:35
8रोगमंगल04:3506:09
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
शुक्र
06:10 — 07:07
iशुक्र06:10
iiबुध07:07
iiiचन्द्र08:04
ivशनि09:00
vगुरु09:57
viमङ्गल10:54
viiसूर्य11:51
viiiशुक्र12:48
ixबुध13:44
xचन्द्र14:41
xiशनि15:38
xiiगुरु16:35
xiiiमङ्गल17:32
xivसूर्य18:35
xvशुक्र19:38
xviबुध20:41
xviiचन्द्र21:44
xviiiशनि22:47
xixगुरु23:51
xxमङ्गल00:54
xxiसूर्य01:57
xxiiशुक्र03:00
xxiiiबुध04:03
xxivचन्द्र05:06
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iमकर06:0906:14
iiकुम्भ06:1407:47
iiiमीन07:4709:18
ivमेष09:1810:59
vवृष10:5912:57
viमिथुन12:5715:10
viiकर्क15:1017:26
viiiसिंह17:2619:37
ixकन्या19:3721:47
xतुला21:4700:02
xiवृश्चिक00:0202:17
xiiधनु02:1704:23
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
06:0906:14
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मकर · i
06:1407:47
अग्नि पञ्चकअग्नि कार्य त्यागें
कुम्भ · ii
07:4709:18
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मीन · iii
09:1810:59
चोर पञ्चकलेन-देन त्यागें
मेष · iv
10:5912:57
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
वृष · v
12:5715:10
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
मिथुन · vi
15:1017:26
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कर्क · vii
17:2619:37
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
सिंह · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
राक्षस
परिवर्तन17:58
अगला योग
चर
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमजल
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
पश्चिम
दिशा-शूल
पश्चिम
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पश्चिम
नक्षत्रानुसार
राहु वास
अग्नि
तिथि-आधारित
अग्नि वास
पाताल
शुभ
भद्रा वास
स्वर्ग
शुभ
शिव वास
सभा
अशुभ
चन्द्र वास
उत्तर
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
लाभ
शुभ
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
वृषमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
⊝ अष्टम चन्द्र · मेष राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुआश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपद
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
मकर
08:34 तक
नक्षत्र
धनिष्ठा
2 पाद
देशान्तर
299°53'54"
299.9° सायन
गति
1.0111°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
वृश्चिक
चन्द्र राशि
नक्षत्र
अनुराधा
3 पाद
गति
13.2829°
प्रति दिवस
देशान्तर
220°11'38"
220.19° सायन
कला — क्षयक्रम
41%
कृष्ण पक्ष · कृष्ण नवमी
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
कृष्ण
क्षयक्रम
मास — पूर्णिमान्त
फाल्गुन
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
माघ
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
30
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
शिशिर
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
शिशिर
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
उत्तरायण
सायन
वैदिक अयन
उत्तरायण
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2071
प्लवंग
शक संवत्
1936
जय
गुजराती संवत्
2071
पराभव
कलियुग वर्ष
5,116
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,68,601
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°04'30"
24.07501°
जूलियन दिवस
24,57,066
JD
संशोधित JD
57,066
MJD
जूलियन (पुरातन)
31 जनवरी
2015
राष्ट्रीय सिविल
माघ 24
शक 1936
राष्ट्रीय निरयन
पौष 30
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,35,642
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
बुध
राजा
बुध
मन्त्री
गुरु
सेनाधिपति
शुक्र
मेघाधिपति
शनि
सस्याधिपति
सूर्य
धान्याधिपति
चन्द्र
फलाधिपति
मङ्गल
रसाधिपति
गुरु
धनाधिपति
बुध
निरसाधिपति
शुक्र
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
कृष्ण नवमी
21:21
अगला
कृष्ण दशमी
20:16
+ २
कृष्ण एकादशी

नक्षत्र

अब
अनुराधा
17:58
अगला
ज्येष्ठा
17:39
+ २
मूल

योग

अब
व्याघात
04:25
अगला
हर्षण
02:10
+ २
वज्र

करण

अब
तैतिल
09:33
अगला
गर
21:21
+ २
वणिज
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°04'30"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्