ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
PAURANIK· सनातन पञ्चाङ्गम्
22°34'21"N · 88°21'50"E
दिनांक
आज
स्थान
समय क्षेत्र
GMT+5:30UTC +05:30
गुरुवार — पञ्चाङ्ग गणना

25.4अप्रैल 2024

गुरुवार · 25 अप्रैल 2024
गुरु वार·कृष्ण पक्ष·वैशाख मास·संवत् 2081 पिंगल
कोलकाता
पश्चिम बंगाल
22°34'21"N  88°21'50"E
GMT+5:30 · UTC +05:30
i.
तिथि
प्रतिपदाकृष्ण पक्ष
06:46 तक
ii.
नक्षत्र
विशाखा1 पाद
02:25 तक
iii.
योग
व्यतीपातअशुभ
04:55 तक
iv.
करण
कौलव
06:46 तक
v.
वार
गुरुवारगुरु स्वामी
सूर्योदय 05:08

सूर्य आर्क

दिनमान · 12 घण्टे 53 मिनट
05:08सूर्योदय18:01सूर्यास्त11:35
अरुणोदय
03:32
मध्याह्न
11:35
दिनमान
12:53
प्रातः सन्धि
04:02

चन्द्र आर्क

रात्रिमान · 11 घण्टे 07 मिनट
19:25चन्द्रोदय05:38चन्द्रास्तकला ~99%
रात्रिमान
11:07
निशीथ
23:12
गोधूलि
17:59
कला
99%
01

शुभ — अशुभ काल

मुहूर्त निरीक्षण
दिन के शुभ और अशुभ काल — समस्त मुहूर्त एक ही स्थान पर।

शुभ मुहूर्त

अनुकूल काल
i
अभिजित मुहूर्तमध्याह्न का सर्वोत्तम काल
11:09 — 12:00
ii
ब्रह्म मुहूर्तध्यान-योग का काल
03:39 — 04:23
iii
विजय मुहूर्तविजय एवं सफलता
13:43 — 14:35
iv
गोधूलि मुहूर्तगृह-प्रवेश, विवाह
17:59 — 18:23
v
निशीथ मुहूर्तअर्धरात्रि पूजन
23:12 — 23:56
vi
प्रातः सन्ध्याप्रातः उपासना
04:02 — 05:08
vii
सायाह्न सन्ध्यासायं उपासना
18:01 — 19:08
viii
अमृत कालसर्व-सिद्धिकर
16:59 — 18:42
ix
अमृत चौघड़ियादिन का शुभ चौघड़िया
13:11 — 14:48
विशेष योग · आज सक्रिय
+
आनन्दादि — प्रवर्धशुभ
02:25 तक

अशुभ काल

त्याज्य काल
i
राहुकालनवीन कार्य त्यागें
13:11 — 14:48
ii
यमगण्डयात्रा त्यागें
05:08 — 06:45
iii
गुलिक कालशुभ कार्य रोकें
08:21 — 09:58
iv
वर्ज्यम 1नक्षत्र-त्याज्य
06:42 — 08:24
अन्य दोष · दर्शन
पञ्चकअनुपस्थित
गण्डमूलअनुपस्थित
02

चौघड़िया

सोलह अंश · दिन-रात्रि चक्र
सूर्योदय से आठ दिन-चौघड़िया, सूर्यास्त से आठ रात्रि-चौघड़िया।
दिन ↑↓ रात्रिशुभरोगउद्वेगचरलाभअमृतकालशुभअमृतचररोगकाललाभउद्वेगशुभअमृत
वर्तमान
.
शुभ
05:08 — 06:45
दिन05:0818:01
1शुभबृहस्पति05:0806:45
2रोगमंगल06:4508:21
3उद्वेगसूर्य08:2109:58
4चरशुक्र09:5811:35
5लाभबुध11:3513:11
6अमृतचंद्र13:1114:48
7कालशनि14:4816:24
8शुभबृहस्पति16:2418:01
रात्रि18:01 → अगला सूर्योदय
1अमृतचंद्र18:0119:24
2चरशुक्र19:2420:48
3रोगमंगल20:4822:11
4कालशनि22:1123:34
5लाभबुध23:3400:58
6उद्वेगसूर्य00:5802:21
7शुभबृहस्पति02:2103:44
8अमृतचंद्र03:4405:08
03

होरा

चौबीस ग्रहाधिपति
सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चौबीस होरा, प्रत्येक का स्वामी।
वर्तमान होरा
गुरु
05:08 — 06:13
iगुरु05:08
iiमङ्गल06:13
iiiसूर्य07:17
ivशुक्र08:21
vबुध09:26
viचन्द्र10:30
viiशनि11:35
viiiगुरु12:39
ixमङ्गल13:43
xसूर्य14:48
xiशुक्र15:52
xiiबुध16:57
xiiiचन्द्र18:01
xivशनि18:56
xvगुरु19:52
xviमङ्गल20:48
xviiसूर्य21:43
xviiiशुक्र22:39
xixबुध23:34
xxचन्द्र00:30
xxiशनि01:25
xxiiगुरु02:21
xxiiiमङ्गल03:16
xxivसूर्य04:12
04

लग्न

द्वादश राशि · आरोह क्रम
दिन-रात्रि चक्र में पूर्व क्षितिज पर उदय होती द्वादश राशियाँ।
मेषवृषमिथुनकर्कसिंहकन्यातुलावृश्चिकधनुमकरकुम्भमीनiiiiiiivvviviiviiiixxxixii
वर्तमान लग्न
.
iमेष05:0806:17
iiवृष06:1708:16
iiiमिथुन08:1610:29
ivकर्क10:2912:45
vसिंह12:4514:56
viकन्या14:5617:06
viiतुला17:0619:20
viiiवृश्चिक19:2021:36
ixधनु21:3623:41
xमकर23:4101:28
xiकुम्भ01:2803:02
xiiमीन03:0204:33
05

पञ्चक रहित

लग्न-शुभाशुभ
प्रत्येक लग्न को शुभ या पञ्चक का गुण प्राप्त होता है — रोग, राज, अग्नि, चोर, मृत्यु।
05:0806:17
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मेष · i
06:1708:16
मृत्यु पञ्चकयात्रा त्यागें
वृष · ii
08:1610:29
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
मिथुन · iii
10:2912:45
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
कर्क · iv
12:4514:56
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
सिंह · v
14:5617:06
रोग पञ्चकस्वास्थ्य · चिकित्सा त्यागें
कन्या · vi
17:0619:20
शुभ कालसमस्त शुभ कार्य
तुला · vii
19:2021:36
राज पञ्चकयात्रा · वाद-विवाद त्यागें
वृश्चिक · viii
06

आनन्दादि योग

वार-नक्षत्र पर आधारित २८ योग
प्रत्येक वार-नक्षत्र संयोग एक आनन्दादि योग बनाता है।
वर्तमान योग
प्रवर्ध
परिवर्तन02:25
अगला योग
आनन्द
आडलअनुपस्थित
विडालअनुपस्थित
तत्त्वजीवनमवायु
07

दिशा-शूल · वास

दिशा-नियंत्रण
आज किस दिशा में यात्रा त्याज्य, और प्रमुख देवताओं का वास।
उत्तरईशानपूर्वआग्नेयदक्षिणनैऋत्यपश्चिमवायव्य
यात्रा त्यागें
दक्षिण
दिशा-शूल
दक्षिण
यात्रा त्यागें
होमाहुति
अनुपलब्ध
अग्नि देव
नक्षत्र-शूल
पूर्व
नक्षत्रानुसार
राहु वास
वायव्य
तिथि-आधारित
अग्नि वास
आकाश
अशुभ
भद्रा वास
पाताल
शुभ
शिव वास
गौरी
शुभ
चन्द्र वास
पश्चिम
चन्द्र दिशा
कुम्भ चक्र
मृत्यु
त्याज्य
08

चन्द्र-तारा बलम

राशि-नक्षत्र शुभाशुभ
किन राशियों एवं नक्षत्रों के लिए आज का काल अनुकूल है।

चन्द्र बलम

राशि-शुभाशुभ
शुभ राशियाँ — आज
मेषवृषसिंहतुलाधनुमकर
⊝ अष्टम चन्द्र · मीन राशि — विशेष सावधानी

तारा बलम

नक्षत्र-शुभाशुभ
शुभ नक्षत्र — आज
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यआश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातिअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
09

सूर्य-चन्द्र विवरण

ज्योतिर्मय गणना
दोनों ज्योतिर्धरों की राशि, नक्षत्र, पाद, देशान्तर, गति, कला।

सूर्य

सौर ज्योतिर्धर
राशि
मेष
समस्त दिवस
नक्षत्र
अश्विनी
4 पाद
देशान्तर
11°03'46"
11.06° सायन
गति
0.9732°
प्रति दिवस

चन्द्र

चन्द्र ज्योतिर्धर
राशि
तुला
चन्द्र राशि
नक्षत्र
विशाखा
1 पाद
गति
12.4737°
प्रति दिवस
देशान्तर
202°17'08"
202.29° सायन
कला — क्षयक्रम
99%
कृष्ण पक्ष · कृष्ण प्रतिपदा
10

मास · ऋतु · अयन

पक्ष एवं काल विवरण
पूर्णिमान्त एवं अमान्त मास, सौर प्रविष्टे, दृक एवं वैदिक ऋतु, अयन।
पक्ष
कृष्ण
क्षयक्रम
मास — पूर्णिमान्त
वैशाख
उत्तर भारतीय
मास — अमान्त
चैत्र
दक्षिण भारतीय
प्रविष्टे
12
सौर दिवस
अधिक मास
नहीं
सामान्य
दृक ऋतु
वसन्त
सौर-आधारित
वैदिक ऋतु
वसन्त
चान्द्र-आधारित
दृक अयन
उत्तरायण
सायन
वैदिक अयन
उत्तरायण
निरयन
11

संवत्सर · काल-गणना

विक्रम · शक · गुजराती
विक्रम, शक, गुजराती संवत्, कलियुग वर्ष, अहर्गण, अयनांश, जूलियन दिवस।
विक्रम संवत्
2081
पिंगल
शक संवत्
1946
क्रोधी
गुजराती संवत्
2080
राक्षस
कलियुग वर्ष
5,125
/ ४,३२,०००
कलि अहर्गण
18,71,960
दिवस
लाहिड़ी अयनांश
24°12'13"
24.203473°
जूलियन दिवस
24,60,425
JD
संशोधित JD
60,425
MJD
जूलियन (पुरातन)
12 अप्रैल
2024
राष्ट्रीय सिविल
वैशाख 5
शक 1946
राष्ट्रीय निरयन
चैत्र 12
सौर
रात्रिदिए (R.D.)
7,39,001
proleptic
शक चक्र
चक्र 33
६० वर्ष
12

संवत्सर के दश अधिकारी

मन्त्री मण्डल
वर्ष-संचालन में दश ग्रह — राजा, मन्त्री, सेनाधिपति, मेघाधिपति आदि।
राजामन्त्रीसेनामेघसस्यधान्यफलरसधननिरस
वर्ष-राजा
शनि
राजा
शनि
मन्त्री
सूर्य
सेनाधिपति
चन्द्र
मेघाधिपति
मङ्गल
सस्याधिपति
बुध
धान्याधिपति
गुरु
फलाधिपति
शुक्र
रसाधिपति
सूर्य
धनाधिपति
शनि
निरसाधिपति
चन्द्र
13

संक्रमण

आगामी अन्त्य काल
तिथि, नक्षत्र, योग, करण के आगामी तीन परिवर्तन।

तिथि

अब
कृष्ण प्रतिपदा
06:46
अगला
कृष्ण द्वितीया
07:46
+ २
कृष्ण तृतीया

नक्षत्र

अब
विशाखा
02:25
अगला
अनुराधा
03:41
+ २
ज्येष्ठा

योग

अब
व्यतीपात
04:55
अगला
वरीयान
04:21
+ २
परिघ

करण

अब
कौलव
06:46
अगला
तैतिल
19:20
+ २
गर
दिल्लीमुंबईकोलकाताचेन्नईबेंगलुरुहैदराबादअहमदाबादपुणेजयपुरलखनऊवाराणसीप्रयागराजहरिद्वारउज्जैनमथुराअयोध्यापटनाइंदौर
गणना इंजन
JPL DE441 · दृक् (वेधसिद्ध)
अयनांश
लाहिड़ी · चित्रापक्ष · 24°12'13"
सूर्योदय परिभाषा
उत्तरबिम्ब · वायुमण्डल संशोधित
ॐ    तत्    सत्