शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
माँ लक्ष्मी मंत्र
मनसः काममाकूतिं वाचः सत्यमशीमहि। पशूनां रूपमन्नस्य मयि श्रीः श्रयतां यशः॥
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारसंकल्प सिद्धि मंत्र
स्वरूपविद्या एवं वाक् लक्ष्मी
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
मैं मन की कामनाओं और वाणी की सत्यता को प्राप्त करूँ। समृद्धि और यश मुझमें आश्रय लें।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
मनोकामना पूर्ति, वाणी में सत्यता
विस्तृत लाभ
मनोकामना पूर्ति, वाणी में सत्यता।
जप काल
नया कार्य आरंभ करते समय।
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