शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
विजया नित्या मंत्र
भ्म्यरौं (Bhmyaraum)
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
प्रकारएकाक्षर नित्या मंत्र
स्वरूपविजया (13वीं नित्या)
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
सर्व-विजयी शक्ति को प्रणाम।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
शास्त्रार्थ, बौद्धिक चर्चा और युद्ध में निश्चित विजय
विस्तृत लाभ
शास्त्रार्थ, बौद्धिक चर्चा और युद्ध में निश्चित विजय।
जप काल
अष्टदल कमल में आवाहन एवं न्यास।
इसे भी पढ़ें
अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र