ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण

Shafi Pur Ranhola — आज का राहु काल

दिल्ली

बुधवार, 1 अप्रैल 2026

सूर्योदय
06:12
सूर्यास्त
18:40
चंद्रोदय
18:07
Shafi Pur Ranhola — राहु काल
12:2613:59
अवधि: 93 मिनट

अन्य अशुभ काल

यमगंड काल
06:1207:46
यम ग्रह का अशुभ काल — नए कार्य टालें
गुलिक काल (मांदि)
10:5312:26
शनि ग्रह का अशुभ काल

शुभ समय

ब्रह्म मुहूर्त
04:3605:24
ध्यान, योग और वेद पाठ का श्रेष्ठ समय
अभिजित मुहूर्त
12:0212:50
दिन का सर्वश्रेष्ठ शुभ मुहूर्त

Shafi Pur Ranhola — साप्ताहिक राहु काल

वारराहु कालतिथितारीख
बुधवारआज12:26 — 13:59शुक्ल चतुर्दशी1/4
गुरुवार13:59 — 15:33शुक्ल पूर्णिमा2/4
शुक्रवार10:51 — 12:25कृष्ण प्रतिपदा3/4
शनिवार09:17 — 10:51कृष्ण द्वितीया4/4
रविवार17:08 — 18:42कृष्ण तृतीया5/4
सोमवार07:41 — 09:15कृष्ण चतुर्थी6/4
मंगलवार15:34 — 17:08कृष्ण पंचमी7/4

राहु काल में क्या करें — क्या न करें

कर सकते हैं
  • नित्य पूजा-पाठ
  • राहु मंत्र जाप
  • दुर्गा माता की आराधना
  • रोज़मर्रा के काम
  • चल रहे कार्य जारी रखें
न करें
  • नए व्यापार की शुरुआत
  • विवाह/गृह प्रवेश
  • महत्वपूर्ण यात्रा
  • बड़े वित्तीय निर्णय
  • नया वाहन/संपत्ति खरीदना

राहु काल क्या है?

राहु काल हिंदू ज्योतिष में प्रतिदिन का एक अशुभ काल है। सूर्योदय से सूर्यास्त के बीच का समय 8 बराबर भागों में बाँटा जाता है — इनमें से वार के अनुसार एक भाग राहु काल होता है (लगभग 90 मिनट)। Shafi Pur Ranhola का राहु काल यहाँ के सूर्योदय (06:12) पर आधारित है।

वार अनुसार क्रम: रविवार (8वाँ भाग), सोमवार (2वाँ), मंगलवार (7वाँ), बुधवार (5वाँ), गुरुवार (6वाँ), शुक्रवार (4वाँ), शनिवार (3वाँ)।

स्मरण सूत्र: "रा — म — बु — शु — गु — श — र"

?

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

Shafi Pur Ranhola में आज राहु काल कब है?

Shafi Pur Ranhola में आज राहु काल 12:26 से 13:59 तक है। यह समय Shafi Pur Ranhola के सूर्योदय (06:12) पर आधारित सटीक गणना है।

राहु काल कितने समय का होता है?

राहु काल सूर्योदय से सूर्यास्त के कुल समय का आठवाँ भाग होता है — लगभग 90 मिनट (डेढ़ घंटा)। गर्मियों में थोड़ा लंबा और सर्दियों में छोटा होता है।

यमगंड काल और गुलिक काल क्या हैं?

यमगंड काल यम ग्रह का और गुलिक काल (मांदि) शनि ग्रह का अशुभ समय है। राहु काल की तरह ये भी दिन को 8 भागों में बाँटकर निकाले जाते हैं, पर भिन्न वार-क्रम से।