माँ चंद्रघंटा का क्या स्वरूप और संदेश है?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
माँ चंद्रघंटा = तृतीय स्वरूप (तीसरा दिन)। मस्तक पर घंटे के आकार का अर्धचंद्र, रणचंडी रूप। संदेश: दानवों और आसुरी प्रवृत्तियों से निर्भय होकर लड़ने की तत्परता।
सम्पूर्ण उत्तर
विस्तृत प्रश्न पृष्ठ देखें
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
श्रेणी
नवदुर्गा
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।